जानिए, नवरात्रियों में क्‍यों खेला जाता है गरबा?

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शारदीय नवरात्रि आते ही गरबे की धूम छा जाती है। गुजरात का पारम्‍पारिक नृत्‍य अब धीरे धीरे पूरे देश में नवरात्रियों के दौरान बहुत ही उत्‍साह के साथ खेला जाता है।

जानिए, क्‍यों नवरात्रियों में अखंड ज्‍योत जलाई जाती है..

बहुत से लोग तो ऐसे हैं जो नवरात्रि का इंतजार ही इसलिए करते हैं क्योंकि इस दौरान उन्हें गरबा खेलने, रंग-बिरंगे कपड़े पहनने की अवसर मिलेगा।

नवरात्री में घट स्‍थापना के ये है शुभ मूहूर्त

नवरात्रियों में गरबा खेलना और गरबे की रौनक का आनंद उठाना तो ठीक है लेकिन क्या आप जानते हैं कि गरबा खेलने की शुरुआत कहां से हुई और नवरात्रि के दिनों में ही इसे क्यों खेला जाता है?

घट स्‍थापना से शुरु

घट स्‍थापना से शुरु

दीप गर्भ के स्थापित होने के बाद महिलाएं और युवतियां रंग-बिरंगे कपड़े पहनकर मां शक्ति के समक्ष नृत्य कर उन्हें प्रसन्न करती हैं। गर्भ दीप स्त्री की सृजनशक्ति का प्रतीक है और गरबा इसी दीप गर्भ का अपभ्रंश रूप है। घट स्थापना गरबा को लोग पवित्र परंपरा से जोड़ते हैं और ऐसा कहा जाता है कि यह नृत्य मां दुर्गा को काफी पसंद हैं इसलिए नवरात्रि के दिनों में इस नृत्य के जरिये मां को प्रसन्न करने की कोशिश की जाती है। इसलिए घट स्थापना होने के बाद इस नृत्य का आरंभ होता है।

ये है गरबा

ये है गरबा

दीपगर्भ ही गरबा कहलाता है इसलिए आपको हर डांडिया या गरबा खेलते वक्‍त महिलाएं सजे हुए घट के साथ दिखाई देती है। जिस पर दिया जलाकर इस नृत्य का आरंभ किया जाता है। यह घट दीपगर्भ कहलाता है और दीपगर्भ ही गरबा कहलाता है।

क्‍यों किया जाता है तीन ताली का उपयोगा

क्‍यों किया जाता है तीन ताली का उपयोगा

आपने देखा होगा कि जब महिलाएं समूह बनाकर गरबा खेलती हैं तो वे तीन तालियों का प्रयोग करती हैं। इसके पीछे भी एक महत्वपूर्ण कारण विद्यमान है। क्या कभी आपने सोचा है गरबे में एक-दो नहीं वरन् तीन तालियों का ही प्रयोग क्यों होता है?

ब्रह्मा, विष्णु, महेश, देवों की इस त्रिमूर्ति के आसपास ही पूरा ब्रह्मांड घूमता है। इन तीन देवों की कलाओं को एकत्र कर शक्ति का आह्वान किया जाता है।

क्‍यों किया जाता है तीन ताली का उपयोग

क्‍यों किया जाता है तीन ताली का उपयोग

आपने देखा होगा कि जब महिलाएं समूह बनाकर गरबा खेलती हैं तो वे तीन तालियों का प्रयोग करती हैं। इसके पीछे भी एक महत्वपूर्ण कारण विद्यमान है। क्या कभी आपने सोचा है गरबे में एक-दो नहीं वरन् तीन तालियों का ही प्रयोग क्यों होता है?

ब्रह्मा, विष्णु, महेश, देवों की इस त्रिमूर्ति के आसपास ही पूरा ब्रह्मांड घूमता है। इन तीन देवों की कलाओं को एकत्र कर शक्ति का आह्वान किया जाता है।

English summary

Significance of Garba Forms in Navratri

Garba is a form of dance that originated in the state of Gujarat in India. Many traditional garba are performed around a centrally lit lamp or a picture or statue of the Goddess Shakti.
Story first published: Monday, September 18, 2017, 16:41 [IST]
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