Latest Updates
-
Happy Friendship Day 2026 Wishes: तेरी मेरी यारी...इन संदेशों के साथ दोस्तों को दें फ्रेंडशिप डे की शुभकामनाएं -
आगरा की अवनी गुप्ता ने Miss Supranational 2026 में बढ़ाया भारत का मान, कॉर्पोरेट जॉब छोड़ बनाई टॉप 12 में जगह -
सावन में भूलकर भी न करें इन चीजों का सेवन, एक्सपर्ट से जानें सावन में क्या खाएं और क्या नहीं -
Sawan Somwar Vrat 2026: क्या पीरियड्स में सावन सोमवार का व्रत रखा जा सकता है? जानें क्या कहते हैं शास्त्र -
World Lung Cancer Day 2026: स्मोकिंग न करने वालों को भी हो सकता है लंग कैंसर, जानें इसके कारण, लक्षण और बचाव -
August 2026 Vrat Tyohar: सावन शिवरात्रि से लेकर रक्षाबंधन तक, देखें अगस्त में आने वाले व्रत-त्योहारों की लिस्ट -
कर्नाटक में 18-25 साल के 7 हजार से ज्यादा छात्र HIV पॉजिटिव, अब सभी कॉलेजों में टेस्टिंग होगी अनिवार्य -
Sawan 2026: सावन में शिवलिंग की पूजा के दौरान भूलकर भी न करें ये 7 गलतियां, नाराज हो सकते हैं भगवान शिव -
गुरु पूर्णिमा के अवसर पर करिश्मा तन्ना के घर गूंजी किलकारी, इस शुभ दिन जन्मे बच्चों के लिए चुनें ये खास नाम -
30 जुलाई या 2 अगस्त, फ्रेंडशिप डे कब है? जानें International Friendship Day और Friendship Day में फर्क
इस पाकिस्तानी शख्स ने घर में पाल रखा है शेर, बिना जंजीर ही बेडरुम में सोता है साथ
घरों में कुत्ते-बिल्ली जैसे जानवरों को पालतू बनाकर रखना बेहद ही आम बात है, लेकिन पाकिस्तान के मुल्तान में रहने वाले जुल्कैफ चौधरी (33) ने शेर को पालतू बनाकर घर में रखा है। वे उसका ख्याल एक बच्चें की तरह रखते हैं और रोज उसे लेकर मार्निंग वॉक पर जाते हैं और उसी के साथ सोते भी हैं।
जुल्कैफ के परिवार को भी इस शेर से कोई परेशानी नहीं है। यहां तक कि जुल्कैफ का दो साल का बेटा भी शेर के साथ बड़े प्यार से खेलता है। जुल्फैक ने शेर को 'बब्बर' का नाम दिया है। वह उसे कभी जंजीर से नहीं बांधते हैं। उसे उन्होंने अपने घर पर पालतू कुत्तें की तरह ही फ्री रखा हुआ है जो आराम से पूरे घर में कहीं भी घूम-फिर सकता है।

बच्चें की तरह रखते हैं ध्यान
जुल्फैक का कहना है कि उन्होंने संबंधित अथॉरिटी से शेर को घर में रखने की अनुमति ले रखी है। हालांकि, वे यह नहीं बताते कि शेर उन्होंने कहां से खरीदा था। उन्होंने बताया कि जब बब्बर को लेकर आए थे, तब उसकी उम्र 2 महीने थी। पिछले 6 महीने से वह उनके साथ परिवार के एक सदस्य के तौर पर रह रहा है। उनका दावा है कि वह उसे अपने बच्चें की तरह मानते हैं।

बढ़ गया रुतबा
जुल्फैक का कहना है कि शेर के घर में आने के बाद वे दूर-दूर तक चर्चित हो गए हैं। आसपास रहने वाले लोग सेल्फी लेने के लिए उनके घर आते हैं। उनका कहना है कि बब्बर की देखभाल के लिए उन्हें किसी की सलाह की जरूरत नहीं पड़ती। वह अच्छी तरह से समझते हैं कि उसकी देखभाल कैसे करनी है। फिलहाल वे उसे ट्रेनिंग दे रहे हैं, ताकि उसे पालतू जानवर की तरह से रहना सिखा सकें।

पूरी सहूलियत का रखते हैं ध्यान
जुल्फैक बब्बर के पूरी सहूलियत और आराम का ध्यान रखते हैं। खाने से लेकर रहने तक का उसके पूरे बंदोबस्त पर खुद ध्यान रखते हैं। जुल्फैक ने 2 माह के बब्बर को करीब 3 लाख रुपए में खरीदा था, उसे पालने में हर महीने करीब 2 लाख रुपए तक खर्च करते हैं। उन्होंने बब्बर के रहने के लिए अलग से एक जगह तय कर रखी है। घर के एक हिस्से में उसके लिए बेडरूम बनाया है। इसमें एसी भी लगाया गया है।
जुल्फैक को हमेशा शेरों से लगाव रहा। वो बताते हैं कि बब्बर को घर में लाने से पहले उन्होंने घर में किसी को भी नहीं बताया था, उसे खरीदने के बाद ही उन्होंने घर वालों को इत्तला दी।



Click it and Unblock the Notifications