Latest Updates
-
Varalakshmi Vrat Katha: वरलक्ष्मी व्रत के दिन जरूर पढ़ें ये व्रत कथा, धन से जुड़ी बाधाएं होंगी दूर -
Varalakshmi Vrat 2026 Wishes: मां लक्ष्मी का आशीर्वाद...वरलक्ष्मी व्रत पर प्रियजनों को भेजें ये शुभकामना संदेश -
Rakhi Gift Ideas For Sister: इस रक्षाबंधन बहन को दें ये 7 प्यार भरे तोहफे, देखते ही खुशी से झूम उठेगी -
World Mosquito Day 2026: मच्छरों के काटने से हो सकती हैं ये खतरनाक बीमारियां, बचाव के लिए अपनाएं ये घरेलू उपाय -
पुरूषों को स्पर्म काउंट बढ़ाने के लिए खानी चाहिए ये 7 चीजें, फर्टिलिटी में होगा सुधार -
घर में अचानक कॉकरोच निकलना शुभ या अशुभ? जानें ज्योतिष और वास्तु के संकेत -
40 की उम्र में भी नजर आएंगी 20 की, हेल्दी और ग्लोइंग स्किन के लिए डाइट में शामिल करें ये 7 फूड्स -
September Travel Destinations: सितंबर में घूमने के लिए बेस्ट हैं ये भारत की ये 7 खूबसूरत जगहें, मिलेगा यादगार -
World Photography Day 2026: क्यों मनाया जाता है विश्व फोटोग्राफी दिवस? जानें इस दिन का इतिहास, महत्व और थीम -
5 साल से तालाब में रह रहे इकबाल की मदद के लिए आगे आए अनंत अंबानी, इलाज के लिए मुंबई एयरलिफ्ट कराया
इस पाकिस्तानी शख्स ने घर में पाल रखा है शेर, बिना जंजीर ही बेडरुम में सोता है साथ
घरों में कुत्ते-बिल्ली जैसे जानवरों को पालतू बनाकर रखना बेहद ही आम बात है, लेकिन पाकिस्तान के मुल्तान में रहने वाले जुल्कैफ चौधरी (33) ने शेर को पालतू बनाकर घर में रखा है। वे उसका ख्याल एक बच्चें की तरह रखते हैं और रोज उसे लेकर मार्निंग वॉक पर जाते हैं और उसी के साथ सोते भी हैं।
जुल्कैफ के परिवार को भी इस शेर से कोई परेशानी नहीं है। यहां तक कि जुल्कैफ का दो साल का बेटा भी शेर के साथ बड़े प्यार से खेलता है। जुल्फैक ने शेर को 'बब्बर' का नाम दिया है। वह उसे कभी जंजीर से नहीं बांधते हैं। उसे उन्होंने अपने घर पर पालतू कुत्तें की तरह ही फ्री रखा हुआ है जो आराम से पूरे घर में कहीं भी घूम-फिर सकता है।

बच्चें की तरह रखते हैं ध्यान
जुल्फैक का कहना है कि उन्होंने संबंधित अथॉरिटी से शेर को घर में रखने की अनुमति ले रखी है। हालांकि, वे यह नहीं बताते कि शेर उन्होंने कहां से खरीदा था। उन्होंने बताया कि जब बब्बर को लेकर आए थे, तब उसकी उम्र 2 महीने थी। पिछले 6 महीने से वह उनके साथ परिवार के एक सदस्य के तौर पर रह रहा है। उनका दावा है कि वह उसे अपने बच्चें की तरह मानते हैं।

बढ़ गया रुतबा
जुल्फैक का कहना है कि शेर के घर में आने के बाद वे दूर-दूर तक चर्चित हो गए हैं। आसपास रहने वाले लोग सेल्फी लेने के लिए उनके घर आते हैं। उनका कहना है कि बब्बर की देखभाल के लिए उन्हें किसी की सलाह की जरूरत नहीं पड़ती। वह अच्छी तरह से समझते हैं कि उसकी देखभाल कैसे करनी है। फिलहाल वे उसे ट्रेनिंग दे रहे हैं, ताकि उसे पालतू जानवर की तरह से रहना सिखा सकें।

पूरी सहूलियत का रखते हैं ध्यान
जुल्फैक बब्बर के पूरी सहूलियत और आराम का ध्यान रखते हैं। खाने से लेकर रहने तक का उसके पूरे बंदोबस्त पर खुद ध्यान रखते हैं। जुल्फैक ने 2 माह के बब्बर को करीब 3 लाख रुपए में खरीदा था, उसे पालने में हर महीने करीब 2 लाख रुपए तक खर्च करते हैं। उन्होंने बब्बर के रहने के लिए अलग से एक जगह तय कर रखी है। घर के एक हिस्से में उसके लिए बेडरूम बनाया है। इसमें एसी भी लगाया गया है।
जुल्फैक को हमेशा शेरों से लगाव रहा। वो बताते हैं कि बब्बर को घर में लाने से पहले उन्होंने घर में किसी को भी नहीं बताया था, उसे खरीदने के बाद ही उन्होंने घर वालों को इत्तला दी।



Click it and Unblock the Notifications