Latest Updates
-
अमरनाथ गुफा में पिघला तो फ्रिज में दिखा 'बाबा बर्फानी' का शिवलिंग? वायरल वीडियो देख लोग रह गए हैरान -
एक कली कच्चा लहसुन खाकर दिन की शुरुआत करती हैं सोहा अली खान, जानें खाली पेट गार्लिक खाने के 5 जबरदस्त फायदे -
पिृत दोष से मुक्ति के लिए आज आषाढ़ अमावस्या पर करें इन 5 चीजों का दान, पितरों का मिलेगा आशीर्वाद -
बार-बार मुंह में हो रहे छालों को भूलकर भी न करें नजरअंदाज, हो सकता है ओरल कैंसर, जानें लक्षण -
लड़के-लड़कियों के लिए सबसे मॉडर्न और छोटे 100+ टॉप नाम, यहां देखें अर्थ सहित लिस्ट -
कांवड़ यात्रा कब से होगी शुरू? इस दौरान भूलकर भी न करें ये 5 गलतियां, अधूरी रह जाएगी पूजा -
Kriti Sanon ने करवाए अपने अंडे फ्रीज! जानें किस उम्र में ये कराना बेहतर और Egg Freezing फायदे-नुकसान? -
कब है आषाढ़ अमावस्या? इस दिन इन 4 राशियों पर मंडरा रहा संकट, कहीं आपकी राशि भी तो लिस्ट में नहीं? -
Corona Alert: सिंगर कुमार सानू के बेटे को हुआ कोविड, आंध्र प्रदेश में मिले सबसे ज्यादा मरीज, जानें लक्षण -
स्कूल टिफिन के लिए 15 मिनट में तैयार करें सॉफ्ट और स्पंजी सूजी के अप्पे, नोट कर लें आसान रेसिपी
जानें कौन हैं लेफ्टिनेंट जनरल मनोज पांडे जो संभालेंगे आर्मी चीफ पद की जिम्मेदारी
लेफ्टिनेंट जनरल मनोज पांडे को भारतीय सेना का अध्यक्ष चयनित किया गया है। 29वें सेना अध्यक्ष मनोज पांडे नागपुर से आते हैं और वे एम.एम. नरवाने की जगह आर्मी चीफ़ का पद संभालेंगे। वे कोर्प्स ऑफ़ इंजीनियर के पहले ऐसे कमांडर होंगे जो अब आर्मी चीफ का पद ग्रहण करेंगे। इससे पहले इन्फेंट्री, आर्टिलरी और आर्मरेड रेजिमेंट के ही कमांडर इस पद पर आते रहे हैं। तो चलिए जानते हैं 30 अप्रैल के बाद बनने वाले भारत के नए आर्मी चीफ़ के बारें में कुछ महत्वपूर्ण बातें-

परिवारिक पृष्ठभूमि
ले. जनरल मनोज पांडे के पिता मनोविज्ञान के प्रोफ़ेसर रहे हैं तो वहीं उनकी स्वर्गीय माता जी आल इंडिया रेडियो की प्रचलित अनाउंसर रहीं। उनके छोटे भाई भी भारतीय सेना का हिस्सा रहें और कर्नल के पद पर रहते हुए रिटायर्ड हुए। वहीं उनके बेटे भी भारतीय वायु सेना में अधिकारी पद पर अपनी सेवाएं दे रहे हैं। लेफ्टिनेंट जनरल पांडे नेशनल डिफेन्स अकादमी से पास आउट हैं और 1982 में वे कोर्प्स ऑफ़ इंजीनियर में कमीशंड हुए थे।

महत्वपूर्ण पदभार
इससे पहले मनोज पांडे पूर्वी सेना अध्यक्ष थे जहां सेना सिक्किम और अरुणाचल प्रदेश के क्षेत्रों में लाइन ऑफ़ एक्चुअल कंट्रोल (LAC) के समक्ष देश की रक्षा करती है। उन्होंने अंडमान एवं निकोबार कमांड में भी चीफ का पद संभाला हुआ है।

अन्य उपलब्धियां
इसके साथ ही वे यूनाइटेड नेशन्स मिशन में चीफ़ इंजीनियर के तौर पर अफ्रीकी देशों इथियोपिया और एरीट्रिया में भी अपनी सेवाएं देने गए थे। लेफ्टिनेंट जनरल मनोज पांडे बहुत सारे प्रतिष्ठित सेना पदकों से भी नवाज़े जा चुके हैं। उन्हें परम विशिष्ट सेवा मेडल, अति विशिष्ट सेवा मेडल, विशिष्ट सेवा मेडल, चीफ़ ऑफ़ आर्मी स्टाफ कोमेंडेशन और दो बार जीओसी-इन-सी कोमेंडेशन पदकों से सम्मानित किया जा चुका है।



Click it and Unblock the Notifications