Latest Updates
-
संडे स्पेशल डिनर के लिए परफेक्ट है पनीर कॉर्न पुलाव, स्वाद ऐसा कि सब मांगेंगे दोबारा -
सूरज की तपिश से काला पड़ गया है चेहरा? इन 3 देसी नुस्खों से हटाएं जिद्दी सन टैन -
क्या बारिश से हुए नुकसान पर सरकार और इंश्योरेंस कंपनी से मिलता है मुआवजा? हां, तो जानें कैसे करें क्लेम? -
छोटी हाइट वाली लड़कियों पर सबसे ज्यादा जंचते हैं ये आउटफिट, दिखती हैं सुपर स्टाइलिश और लंबी -
बरसात में इन 5 लोगों को गलती से भी नहीं खाना चाहिए दही, वरना बिगड़ सकती है सेहत -
Ravi Pradosh Vrat Katha: इस कथा के बिना अधूरा है रवि प्रदोष व्रत, जानें पूजा विधि, शुभ मुहूर्त और शिव आरती -
World Paper Bag Day 2026: कब और क्यों हुई पेपर बैग दिवस की शुरुआत? जानें इसका दिलचस्प इतिहास -
गलती से भी पास-पास न रखें मनी प्लांट और तुलसी का पौधा, वरना कंगाली के साथ आ जाएंगी ये 3 बड़ी मुसीबतें -
इस एक श्राप की वजह से अविवाहित कपल्स नहीं कर सकते जगन्नाथ मंदिर में दर्शन, आप भी जान लें रहस्य -
Varalakshmi Vrat के दिन लगेगा साल का आखिरी चंद्र ग्रहण, जानें क्या करें, क्या न करें और सूतक के नियम
क्या गर्भनिरोधक गोलियों द्वारा माहवारी रोकी जा सकती हैं?
Basics
oi-Staff
By Super
गर्भनिरोधक गोलियों को आजकल आमतौर पर 80 प्रतिशत से ज्यादा महिलायें प्रयोग करती हैं। केवल भारत में ही ज्यादातर महिलायें गर्भनिरोधक गोलियाँ लेती हैं क्योंकि इसे माहवारी को रोकने का सबसे सुरक्षित तरीका माना जाता है।
स्त्रीरोग विशेषज्ञ भी गर्भनिरोधक गोलियों को सुरक्षित मानते हैं और अपने स्वास्थ्य और माहवारी चक्र के अनुसार हर महिला के लिये इस छोटी सी गोली प्रभाव तथा परिणाम के बारे में जानना आवश्यक है।
क्या आप गर्भनिरोधक गोलियों द्वारा माहवारी को रोक सकती हैं। इसके अलावा चिकित्सक सलाह देते हैं कि इन गोलियों के प्रयोग से भ्रूण में जन्म के पूर्व ही विकार हो सकते हैं। यह माता के मस्तिष्क और हृदय को भी प्रभावित कर सकता है क्योंकि गर्भनिरोधक गोलियों में रक्त का थक्का जमाने के गुण होते हैं।

आजकल कई प्रकार की गर्भनिरोधक गोलियाँ मिलती है। शोध परिणामों के अनुसार केवल यही चार ही सबसे सुरक्षित मानी गई हैं क्योंकि इनका प्रभाव मानव शरीर पर न्यूनतम है।
माहवारी को रोकने वाली चार प्रकार की गर्भनिरोधक गोलियाँ –
पारम्परिक गर्भनिरोधक गोलियाँ –
ये 28 की संख्या वाले पैकेट में आती हैं। 28 में से 21 या 22 क्रियाशील होती हैं और गर्भनिरोधन के लिये हार्मोन वाली होती हैं।

सीबीसी गोलियाँ – इन गोलियों को लगतार 3 महीनों तक लिया जाता है। पारम्परिक गर्भनिरोधक गोलियों से अलग सीबीसी गोलियाँ ईस्ट्रोजन और प्रोजेस्ट्रोन से मिलकर बनी होती हैं जोकि दैनिक रूप से ग्रहण करने पर अण्डाणु को निकलने से रोकते हैं। यह गोलियाँ बहुत प्रभावी होती हैं और उन महिलाओं को सीबीसी गोलियों का विकल्प चुनना चाहिये जिनका माहवारी चक्र 28 दिन का हो।
एकचरणीय गर्भनिरोधक गोलियाँ – इस प्रकार की हर गोली हर रोज के लिये बराबर मात्रा में हार्मोन की मिश्रण वाली होती हैं।
बहुचरणीय गर्भनिरोधक गोलियाँ – इन गोलियों में हार्मोन की मात्रा एक सप्ताह से दूसरे सप्ताह में भिन्न होती है।

गर्भनिरोधक गोलियों द्वारा माहवारी को रोकने के क्या लाभ हैं?
माहवारी को रोकने के लिये हार्मोन वाली गोलियों के उपयोग से महिलाओं में अण्डाशय तथा गर्भाशय के कैंसर की सम्भावना कम होती है। कुछ महिलाओं में माहवारी के आसपास या दौरान माइग्रेन की शिकायत रहती है क्योंकि उनका शरीर इस दौरान होने वाले हार्मोन के उतार-चढ़ाव के प्रति संवेदनशील होता है। हार्मोन युक्त क्रियाशील गर्भनिरोधक गोलियों को खाते रहने से माहवारी रूक सकती है। इससे खून की कमी या अनीमिया का खतरा भी कम होता है।

गर्भनिरोधक गोलियों द्वारा माहवारी को रोकने के दुष्प्रभाव
असमय रक्तस्राव पहले के कुछ महीनों में काफी आम बात होती है और गर्भनिरोधक गोलियों को लेते रहने पर समय के साथ यह कम हो जाता है। केवल असमय रक्तस्राव ही एक दुष्प्रभाव है।
Comments
English summary
क्या गर्भनिरोधक गोलियों द्वारा माहवारी रोकी जा सकती हैं?
Story first published: Tuesday, March 15, 2016, 9:02 [IST]
Other articles published on Mar 15, 2016



Click it and Unblock the Notifications