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आर्टिफीसियल स्वीटनर से बढ़ सकता है टाइप 2 डायबिटीज का खतरा
यदि आपको लगता है कि चीनी का सेवन कम करने के लिए आर्टिफीसियल स्वीटनर का सेवन करना आपके एक अच्छा विकल्प है तो आप गलत हो सकते हैं।
एक नए अध्ययन में यह पाया गया है कि आर्टिफीसियल स्वीटनर वास्तव में टाइप-2 डायबिटीज के खतरे को बढ़ा सकते हैं।
यह अध्ययन ऑस्ट्रेलिया के एडिलेड विश्वविद्यालय में शोधकर्ताओं ने किया। उन्होंने पाया कि आर्टिफीसियल स्वीटनर लेने के सिर्फ दो सप्ताह के भीतर ही ग्लूकोज के लिए शरीर की प्रतिक्रियाएं बदलने लग गई थी।

अध्ययन के लिए शोधकर्ताओं ने 27 स्वस्थ लोगों को शामिल किया था। तब उन्हें दो अलग-अलग आर्टिफीसियल स्वीटनर दिए गए थे, जो प्रति दिन 1.5 लीटर आहार पेय के बराबर थे।
अध्ययन के दो सप्ताह की अवधि में खाने से पहले कैप्सूल के रूप में ये नमूने दिन में तीन बार सेवन करते थे। दो सप्ताह के अंत में, ग्लूकोज के प्रति उनकी प्रतिक्रिया का परीक्षण किया गया।
परीक्षण के दौरान, शोधकर्ताओं ने पाया कि आर्टिफीसियल स्वीटनर लेने वालों में ग्लूकोज अवशोषण और रक्त शर्करा का उच्च स्तर था, जबकि भोजन के बाद रक्त ग्लूकोज में वृद्धि को सीमित करने की शरीर की क्षमता कम हो गई थी।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



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