Latest Updates
-
World Suicide Prevention Day 2026: क्यों मनाया जाता है विश्व आत्महत्या रोकथाम दिवस? जानें इसका इतिहास और महत्व -
तांबे के बर्तन में पानी पीने से मिलेंगे ये 5 फायदे, डायजेशन के साथ इम्यूनिटी भी होगी मजबूत -
Ganesh Chaturthi 2026: कब है गणेश चतुर्थी? जानें तिथि, गणपति स्थापना का शुभ मुहूर्त और विसर्जन की तारीख -
कौन हैं 'हनुमान अंश' की 21 साल की प्रोड्यूसर अनुप्रिया नागर? विदेश की नौकरी छोड़ बनाई ब्लॉकबस्टर फिल्म -
दुआ के दूसरे बर्थडे पर दीपिका-रणवीर ने कराया मैटरनिटी फोटोशूट, बेबी बंप फ्लॉन्ट करते हुए शेयर की तस्वीरें -
Laddu Gopal Chatthi 2026: 9 या 10 सितंबर, कब है लड्डू गोपाल की छठी? नोट करें सही तिथि, पूजा विधि और भोग -
Krishna Chhathi 2026 Wishes: माखन-मिश्री का भोग...कृष्ण जी की छठी पर अपनों को भेजें ये खास शुभकामना संदेश -
वायरल बुखार, खांसी-जुकाम और इंफेक्शन से बचने के लिए करें ये 5 योगासन, इम्यूनिटी होगी बूस्ट -
‘बबीता सिंह रिपोर्टिंग’ के बाद निमिषा सजयन ने ऐसे घटाया 14 किलो वजन, एक्ट्रेस ने शेयर की वेट लॉस जर्नी -
Paryushana Mahaparva 2026: आज से शुरू हुआ हुआ पर्युषण महापर्व, जानें आठ दिनों का महत्व और नियम
बार-बार पेट खराब रहे, तो झटपट करें ये घरेलू उपाय
बहुत सी चीजें आपके पेट के स्वास्थ्य को प्रभावित कर सकती हैं, पेट को खराब कर सकती हैं और आंतों को भी खराब कर सकती हैं।
हेल्थ एक्स्पर्ट्स मानते हैं कि आपका अच्छा स्वास्थ्य पेट से जुड़ा है क्यों कि आपका पूरा इम्यून सिस्टम इससे प्रभावित होता है।
चूंकि आपका पेट आपके मस्तिष्क से जुड़ा है इसलिए इसका स्वास्थ्य आपके मूड, हार्मोन्स, वजन और आपके पूरे स्वास्थ्य को प्रभावित करता है।
अगर आपका पेट ठीक रहता है तो पाचन से जुड़ी समस्याएँ जैसे (उबाक, गैस, डायरिया), फूड एलर्जी, चिंता, तनाव, मूड बदलना, चिड़चिड़ापन, त्वचा की समस्याएं जैसे (एक्जिमा, रोसेएआ), डायबिटीज़, ऑटोइम्यून डीजीज़, नियमित संक्रमण, कम याददाश्त और अटेन्शन डिफ़िसिट/हाइपरएक्टिविटी डिसऑर्डर जैसी बीमारियाँ आपसे दूर रहती हैं।
बहुत सी चीजें आपके पेट के स्वास्थ्य को प्रभावित कर सकती हैं, पेट को खराब कर सकती हैं और आंतों को भी खराब कर सकती हैं। खान-पान का असंतुलन, ज़्यादा दवाइयाँ लेना, मिनरल्स की कमी और तनाव जैसी चीजें आपके पाचन तंत्र के बैक्टीरिया का संतुलन बिगाड़ सकती हैं।

1 प्रोबायोटिक्स का सेवन करें
पेट के अच्छे स्वास्थ्य के लिए प्रोबायोटिक्स को अपने आहार में शामिल करें। इससे आपके पेट में स्वास्थ्यवर्धक बैक्टीरिया बढ़ेंगे, पाचन ठीक होगा और पोषक तत्वों का अवशोषण होगा। यह बेकार बैक्टीरिया को भी खत्म करते हैं, जिससे शरीर से जहरीले पदार्थ बाहर निकलते हैं

2 खूब पानी पियें
पाचन तंत्र के लिए पानी बेहद ज़रूरी है। हमारे शरीर में 60 प्रतिशत पानी है, इससे हमारे गैस्टरोइंटेस्टीनल (जीआई) में कई चीजें काम करती हैं और मूत्र व मल द्वारा जहरीले पदार्थ शरीर से बाहर निकलते हैं। पानी से खाना विभाजित होता है, जिससे शरीर पोषक तत्वों का अवशोषण करता है। यह दस्त को आरामदायक रखता है और शरीर का पीएच लेवल बनाए रखता है।

3 साबुत अनाज खाएं
साबुत अनाज में फाइबर, विटामिन, मिनरल्स और पानी की अधिकता होती है इसलिए इनके सेवन से पेट का स्वास्थ्य ठीक रहता है। हर बार खाने खाते समय एक सब्जी ज़रूर खाएं।

4 सूजन पैदा करने वाले खाद्य पदार्थों का सेवन ना करें
जब पेट में सूजन होगी तो पोषक तत्वों और खाने के तत्वों का अवशोषण नहीं होगा, और आप थकान महसूस करेंगे। इसके अलावा सूजन होने से पाचन क्रिया प्रभावित होती है जिससे पेट का स्वास्थ्य पूरा गड़बड़ा जाता है।

5 तनाव से दूर रहें
केवल खाने से पेट में सूजन नहीं होती। अधिक तनाव से भी पेट में सूजन की स्थिति पैदा हो सकती है और जीआई ट्रैक्ट प्रभावित होता है। अगर सूक्ष्म रूप से कहें तो तनाव और सूजन आपके पेट को प्रभावित करते हैं।

6 खाने से पहले व्हीटग्रास जूस पियें
फाइटोनियोट्रेंट और अल्कलाइज़िंग तत्व अधिक मात्रा में होने के कारण, व्हीट ग्रास आपके पेट को पोषण देता है और स्वस्थ रखता है। इसके फेनोलिक कंटेन्ट और जैविक रूप से सक्रिय एंजाइम, विटामिन सी, क्लोरोफिल और फाइटोकेमिकल्स के कारण व्हीटग्रास शरीर से जहरीले पदार्थों को निकालता है और पेट में हानिकारक रोगाणुओं को बढ्ने से रोकता है।

7 ग्रीन टी और अदरक टी लें
ग्रीन टी पेट के लिए बहुत अच्छी है। इसमें पॉलीफेनोल नामक सूक्ष्म पोषक तत्व होते हैं जिससे पेट में अच्छे बैक्टीरिया बढ़ते हैं और बेकार बैक्टीरिया कम होते हैं। यह सूजन से लड़ने में मददगार है। यह सब जानते हैं कि अदरक पाचन के लिए बेहतर है। यह आंतों की मांसपेशियों को आराम देतहै जिससे गैस और ऐंठन जैसी चीजें दूर रहती हैं।

8 लिवर का ध्यान रखें
अपने लिवर का ध्यान रखें और एल्कोहल का सेवन कम करें। एल्कोहल के ज़्यादा सेवन से आंतों से संबन्धित परेशानियाँ होने की संभावना बढ़ जाती है। इसलिए इसका सेवन कम करें।



Click it and Unblock the Notifications
