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ओट्स खाएं या मूसली, जाने वेटलॉस के लिए कौनसा ऑप्शन है ज्यादा बेहतर
ओट्स और मूसली ये दोनों हेल्दी ब्रेकफास्ट के दो बेहतर ऑप्शन है। जब भी कोई भी वजन कम करने की प्लानिंग करता है तो उसके दिमाग में ब्रेकफास्ट के ये दो विकल्प सबसे पहले जरुर आते हैं। इसी के साथ लोगों के मन में इन दोनो ब्रेकफास्ट ऑप्शन को लेकर कई तरह के सवाल भी आते है जैसे, ब्रेकफास्ट में क्या खाएं ओट्स या मूसली? इन दोनों में सबसे ज्यादा हेल्दी ऑप्शन क्या है? तो आइए आपके सवाल का जवाब आज हम इस आर्टिकल में जानते हैं।

दोनों में अंतर क्या हैं?
ओट्स और मूसली दोनों ही मुख्य रूप से साबुत अनाज से निर्मित और स्वादिष्ट होते हैं। दोनों में सबसे बड़ा अंतर यह है कि मूसली को हम बिना पकाएं ही सीधे ही अनाज के रुप में खा सकते हैं बाकी ओट्स को पकाने की जरूरत होती है। मूसली मुख्य रूप से ओट्स और फ्लेक्स जैसे चोकर फ्लेक्स या कॉर्नफ्लेक्स से बना होता है और ओट्स जबकिघास के लुढ़के हुए बीजों से बनाया जाता है। इसके अलावा इनमें दूसरा अंतर यह है कि मूसली को ज्यादातर ठंडा ही खाया जाता है, हालांकि आपके पास हमेशा इसे पकाने का विकल्प होता है, जबकि ओट्स को गर्म करके ही खाया जाता है।

पौष्टिक तत्वों में अंतर
ओट्स में प्रोटीन और फाइबर से भरपूर पौष्टिक तत्व होते है, लेकिन इसकी तुलना में मूसली में अधिक मात्रा में प्रोटीन की अधिकता होती है साथ ही ज्यादा पौष्टिक तत्व होते है। जबकि ओट्स की तुलना में मूसली में चीनी की मात्रा भी अधिक होती है जो किसी तरह सभी पौष्टिक तत्वों को या तो कम कर देती है या खत्म कर देती है। अगर आप हेल्दी के चक्कर में हेल्दी ब्रेकफास्ट की चाह रखते है तो 'नो शुगर' मूसली ऑप्शन भी आप तलाश सकते हैं और यह सबसे अच्छा है। चूंकि ओट्स में कम कैलोरी और वसा होती है, इसलिए यदि आप अपना वजन कम करना चाहते हैं तो वे आपके लिए सही विकल्प के रूप में ये काम कर सकता हैं।

दोनों को खाने के फायदे
मूसली: यह उच्च फाइबर और साबुत अनाज में भरपूर होता है, ये दोनों ही पाचन तंत्र के लिए अच्छे हैं क्योंकि फाइबर और साबुत अनाज हमारे पाचन तंत्र को नियंत्रित करते हैं। ओट्स के विपरीत, मूसली एक बेहद पेट भरने वाला नाश्ता है जिसे पचने में लंबा समय लगता है। मूसली में बीटा-ग्लूकेन नामक ओट फाइबर होता है जो कोलेस्ट्रॉल के स्तर को 10 प्रतिशत तक कम करने में मदद करता है, यह हृदय के लिए काफी सही होता है। मूसली में नट्स भी होते हैं जो हार्ट को हेल्दी बनाए रखने में हेल्प करते है।
ओट्स: ओट्स कार्ब्स और फाइबर का अच्छा स्रोत हैं। उनमें अधिक वसा और प्रोटीन होता है और विटामिन, खनिज और एंटीऑक्सीडेंट के अलावा प्लांट बेस्ट कपाउंड से भरपूर होते है। ओट्स में पौष्टिक घुलनशील फाइबर बीटा-ग्लूकन भी होता है। ओट्स ब्लड शुगर लेवर को सामान्य रखने के साथ ही बैड कॉलेस्ट्रॉल से बचाता है। इसके अलावा ये स्किन केयर के लिए भी इस्तेमाल किया जा सकता है।

वेटलॉस के लिए क्या है बेहतर ऑप्शन
ओट्स और मूसली दोनों ही पूरी तरह से हेल्दी ब्रेकफास्ट का विकल्प हैं। लेकिन अगर आप हमसे इस बारे में कोई राय मांगे तो हम ओट्स खाने की सलाह देंगे। मूसली की तुलना में ओट्स में कोई अतिरिक्त तत्व नहीं होते है जो अनाज की कैलोरी की मात्रा को बढ़ाते हैं। और वजन घटाने के लिए कैलोरी काउंट को नियंत्रण में रखना बेहद जरूरी है। इसके लिए कम से कम चीनी का सेवन करना जरुरी है। वेटलॉस के लिहाज से ओट्स एक हेल्दी ऑप्शन है, जबकि स्वस्थ नाश्ते के लिए ओट्स और मूसली दोनों ही बेहतरीन विकल्प हैं।



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