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Piles ke Gharelu Upay : एक हफ्ते में जड़ से खत्म करना है बवासीर, तो दूध में मिलाकर पिएं ये देसी चीजें
bawaseer ka gharelu upay : पाइल्स को या बवासीर बेहद दर्दनाक रोग है। इस बीमारी में गुदा के अंदर और बाहर तथा मलाशय के निचले हिस्से में सूजन आ जाती है। जिसके कारण गुदा के अंदर और बाहर में मस्से निकल जाते हैं। ऐसे में मल त्यागना बहुत ही मुश्किल भरा हो जाता है। मल त्यागते हुए जोर लगाने पर खून निकलने लगता है जो बहुत ही तकलीफदेह स्थिति होती है।
अगर इसका शुरुआत में इलाज नहीं किया जाता है तो बवासीर विकराल रुप ले सकता है। जिसका उपचार दवाईयों से भी नहीं होकर सर्जरी से ही होता है। हम आपको बवासीर के दूध से जुड़े घरेलू इलाज बता रहे हैं। जिन्हें अजमाने से सिर्फ एक हफ्ते में इस बीमारी से काफी हद तक आराम मिल सकता है।

इन वजहों से भी होता है बवासीर
- देर तक बैठे रहना
- इसमें मल के साथ खून आना
- मलद्वार पर खुजली होना
- कम फाइबर वाली डाइट
- एक्सरसाइज ना करना
- लंबे समय तक तनाव में रहना
- आनुवंशिकी (जेनेटिक्स)
- पेल्विक फ्लोर डिसफंक्शन

बवासीर खत्म करने के लिए दूध के साथ इन चीजों को पिएं
- 1 नींबू का रस 1 गिलास कच्चे दूध में मिलाकर रोज सुबह खाली पेट पीना है। एक हफ्ते तक इस नुस्खें का ट्राय करने से तो आराम मिल जाएगा।
- बवासीर की समस्या को दूर करने के लिए रोजाना रात में सोने से पहले एक गिलास दूध में एक चम्मच घी मिलाकर सेवन करें। इससे बवासीर की समस्या में बहुत जल्द आराम मिलता है।
- बवासीर के दर्द में आराम के लिए आप हींग वाला दूध पी सकते हैं। हींग वाला दूध पाइल्स में आराम पहुंचाता है और मल को बाहर निकलने में मदद करता है। इसे रोजाना पीने से जिसकी मदद से आपको शौच के वक्त परेशानी नहीं होती और आपकी सेहत दुरुस्त रहती है।
- अरंडी के तेल में एंटी-फंगल, एंटी-बैक्टीरियलऔर एंटी-इंफ्लेमेटरी जैसे गुण होते हैं। इस प्राकृतिक तेल में बवासीर की जलन और दर्द को कम करने की अद्भुत क्षमता होती है। बवासीर के लक्षणों से राहत पाने के लिए आप हर रात दूध में 3 मिलीलीटर अरंडी का तेल मिलाकर पिएं। या इस तेल को प्रभावित क्षेत्र पर लगाने से भी आराम मिलता है।
- बवासीर के दौरान दूध की जगह छाछ पीने से बहुत फायदा पहुंचता है। एक गिलास छाछ में अजवाइन और काला नमक मिलाकर पीने से बवासीर के दर्द की समस्या से राहत मिलती है। वहीं अगर इसका नियमित रूप से सेवन किया जाए तो कब्ज की समस्या से भी छुटकारा मिलता है।
बवासीर के मरीज इन बातों का रखें ध्यान
- इसके अलावा जो लोग बवासीर के दर्द से जूझ रहे हैं उनको पानी ज्यादा से ज्यादा पीना चाहिए। इससे मल त्याग करते समय ज्यादा जोर नहीं लगाना पड़ता है।
- मोशन के खराब होने के पीछे का कारण तनाव और नींद ना पूरी होना भी होता है। इसलिए आपको इस बात का भी ख्याल रखना है कि 8 घंटे की नींद पूरी लीजिए।
- वहीं, मल त्याग के बाद आप वेट वाइप का इस्तेमाल करें, इससे आपको मल त्यागने के बाद सफाई करने में जलन नहीं होगी।
- बवासीर वाले प्रभावित क्षेत्र पर दिन में दो या तीन बार एक बार में 15 मिनट के लिए आइस पैक का प्रयोग करें।
- बवासीर होने पर फाइबर वाली डाइट लेने से शौच करते समय दर्द, जलन और परेशानी को कम करने में मदद मिलती है। फाइबर पाचन को दुरुस्त करने का भी बेहतर तरीका है। फल और सब्जियां फाइबर से भरपूर होती हैं।
डिस्क्लेमर: यह लेख केवल सामान्य जानकारी के लिए है। यह किसी भी तरह से किसी दवा या इलाज का विकल्प नहीं हो सकता। ज्यादा जानकारी के लिए हमेशा अपने डॉक्टर से संपर्क करें।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



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