Latest Updates
-
Hartalika Teej 2026: हरतालिका तीज पर हाथों में लगी मेहंदी का चाहती हैं डार्क कलर, तो आजमाएं ये 4 आसान टिप्स -
Modak Recipe: गणेश चतुर्थी पर बप्पा के लिए घर पर बनाएं उनके प्रिय उकडिचे मोदक, जानें इसकी आसान रेसिपी -
Hartalika Teej 2026: हरतालिका तीज का व्रत कब है? जानें तिथि, शुभ मुहूर्त, पूजा विधि और महत्व -
ना मूर्ति, ना पुजारी, सूर्यास्त के बाद एंट्री भी मना, जानिए फिल्म 'The Vvaan' वाले वन देवी मंदिर का रहस्य -
नेपाल में बाढ़ के बाद भूकंप, इंडोनेशिया में फटा ज्वालामुखी, क्या बाबा वेंगा की भविष्यवाणी हुई सच? -
Pithori Amavasya 2026: आज या कल, पिठोरी अमावस्या कब है? जानें सही तारीख, स्नान-दान का शुभ मुहूर्त और महत्व -
World Suicide Prevention Day 2026: क्यों मनाया जाता है विश्व आत्महत्या रोकथाम दिवस? जानें इसका इतिहास और महत्व -
तांबे के बर्तन में पानी पीने से मिलेंगे ये 5 फायदे, डायजेशन के साथ इम्यूनिटी भी होगी मजबूत -
Ganesh Chaturthi 2026: कब है गणेश चतुर्थी? जानें तिथि, गणपति स्थापना का शुभ मुहूर्त और विसर्जन की तारीख -
कौन हैं 'हनुमान अंश' की 21 साल की प्रोड्यूसर अनुप्रिया नागर? विदेश की नौकरी छोड़ बनाई ब्लॉकबस्टर फिल्म
योग से कम होती है चिंता, तनाव और मनोरोग
(आईएएनएस)| स्वास्थ्य विशेषज्ञों के मुताबिक चिंता, तनाव और मनोरोग दूर करने का आसान और सबसे बेहतरीन तरीका योग है। इससे न सिर्फ शरीर स्वस्थ होता है, बल्कि तनाव संबंधी हॉर्मोन भी नियंत्रित होते हैं। उनके मुताबिक, यह साबित हो चुका है कि योग आहार संबंधी समस्याएं, उच्च रक्तचाप, मधुमेह, उच्च कोलेस्ट्रॉल और मोटापा दूर करने में बेहद प्रभावी भूमिका निभाता है।
गंगाराम अस्पताल के वरिष्ठ हृदय रोग विशेषज्ञ एस.सी.मनचंदा ने कहा, "योग जीवन जीने का तरीका है।"

इंडिया इंटरनेशनल सेंटर (आईआईसी) में यहां मंगलवार को मनचंदा एक चर्चा 'आधुनिक चिकित्सा क्यों योग की तरफ देख रही है' पर बोल रहे थे। तनाव का असर बालों पर
उन्होंने कहा, "बीमारी होने के बाद उससे निजात पाने के लिए लोग असमंजस में पड़ जाते हैं कि योग करें या एलोपैथिक दवाओं का सेवन करें। लेकिन उन्हें यह समझने की जरूरत है कि योग हृदय रोग या मधुमेह जैसी बीमारियों के इलाज के दौरान या उसके बाद मानसिक तनाव कम करने में फायदेमंद है।"
अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान में फिजियोलॉजी के पूर्व प्रोफेसर रमेश बिजलानी ने कहा, "लोगों को 70 फीसदी से ज्यादा बीमारियां एक दशक के दौरान किसी खास जीवनशैली के कारण होती है। इसलिए जरूरी है कि वे पहले इलाज कराएं। इलाज के बाद बेहतर और खुशहाल जीवन के लिए वे रोजाना योग का सहारा ले सकते हैं।"
उन्होंने कहा कि योग जीवन में खुशियां लाता है और खुश रहने से किसी भी बीमारी के होने की संभावना 30 फीसदी तक कम हो जाती है।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



Click it and Unblock the Notifications
