Latest Updates
-
Aja Ekadashi Vrat Katha: अजा एकादशी पर पढ़ें ये व्रत कथा, मिलेगा अश्वमेध यज्ञ के बराबर पुण्य -
Aja Ekadashi 2026: नारायण की कृपा...इन संदेशों के साथ अपने प्रियजनों को भेजें अजा एकादशी की शुभकामनाएं -
National Nutrition Week: प्रेग्नेंसी में जरूरी है सही न्यूट्रिशन, जानें गर्भावस्था में क्या खाएं-क्या न खाएं -
Aja Ekadashi 2026: कब है अजा एकादशी? जानें तिथि, शुभ मुहूर्त, महत्व, पूजा विधि और पारण समय -
Teacher's Day 2026: 5 सितंबर को ही क्यों मनाया जाता है शिक्षक दिवस? जानिए क्या है इसका इतिहास और महत्व -
Teacher's Day 2026 Sanskrit Wishes: इन संस्कृत श्लोकोंं के जरिए गुरुजनों को भेजें शिक्षक दिवस की शुभकामनाएं -
Teacher’s Day 2026 Wishes: गुरु का ज्ञान...इन संदेशों के साथ अपने टीचर्स को भेजें शिक्षक दिवस की शुभकामनाएं -
Dahi Handi 2026: 5 या 6 सितंबर, कब है दही हांडी? जानें क्यों और कैसे मनाते हैं ये पर्व -
Janmashtami 2026: धन, प्रेम विवाह और संतान प्राप्ति के लिए जन्माष्टमी पर करें ये अचूक उपाय, पूरी होगी मनोकामना -
Happy Krishna Janmashtami 2026 Wishes: नंद के घर खुशियां आईं...जन्माष्टमी पर अपनों को भेजें ये शुभकामना संदेश
क्या मुंह में लार न बनना कोई बीमारी है? जानिये कारण और नुकसान
मुंह में लार न बनने की समस्या को जेरोस्टोमिया कहा जाता है। आइये इस बारे में कुछ और जानते हैं।
मुंह में बनने वाली लार का भी अपना एक अलग महत्व है। आपको जानकर यह आश्चर्य होगा कि लार के कारण ही आपका मुंह स्वच्छ रहता है और इसकी मदद से खाना आसानी से पच जाता है।
इसकी मौजूदगी से मुंह में नमी बरकरार रहती है और बैक्टीरिया या फंगी पनप नहीं पाते हैं।
लार का बनना ज़रूरी तो है लेकिन कुछ लोग ऐसे भी हैं जिनके मुंह में लार पर्याप्त मात्रा में नहीं बन पाता है।
इससे कारण उनके मुंह में सूखापन बढ़ जाता है! मुंह में लार न बनने की समस्या को जेरोस्टोमिया कहा जाता है। आइये इस बारे में कुछ और जानते हैं।

1:
मुंह में सूखापन शरीर में चल रही किसी गंभीर बीमारी के कारण भी हो सकता है। कई बार डायबिटीज, स्ट्रोक, हाइपरटेंशन, आर्थराइटिस और एनीमिया जैसे गंभीर रोगों के कारण भी ये समस्या हो सकती है। इसलिए ऐसा होने पर डॉक्टर से परामर्श ज़रूर लें।

2 :
कुछ बीमारियों के इलाजों में जो दवाइयां इस्तेमाल की जाती है उनके कारण भी ड्राई माउथ की समस्या हो सकती है। डायरिया, हाइपरटेंशन, एक्ने मोटापा, एलर्जी या एंग्जायटी के इलाज में जो दवाइयां मरीज को दी जाती हैं उनके कारण भी कई बार मुंह में लार बनने की प्रक्रिया प्रभावित होती है।

3:
कुछ गंभीर मेडिकल ट्रीटमेंट जैसे कि रेडिएशन या कीमोथेरेपी के कारण भी आपको ड्राई माउथ की समस्या हो सकती है। इस तरह के ट्रीटमेंट लार बनाने वाली ग्रंथियों को बुरी तरह प्रभावित करते हैं।

4:
यह जान लें कि एक्सीडेंट का किसी सर्जरी की वजह से अगर शरीर में किसी भी तरह की नर्व डैमेज हुई है तो भी आपको लार ना बनने की समस्या हो सकती है।

5:
अगर आप पर्याप्त मात्रा में पानी नहीं पीते हैं या किसी और वजह से डिहाइड्रेशन के शिकार है तो भी आपके मुंह में सूखेपन की समस्या हो सकती है। यही वजह है कि कई बार बुखार या बहुत ज्यादा उल्टी होने पर मुंह सूखने लगता है।

6:
अगर आप हद से ज्यादा सिगरेट पीते हैं तो उसके कारण भी मुंह में पर्याप्त मात्रा में लार नहीं बन पाता है। इसके अलावा अगर आप सांस लेते समय बार बार मुंह खोलते हैं तो इससे भी मुंह सूखने लगता है।

7:
जब आपके मुंह में लार कम बनने लगता है तो उस समय आपको बार बार तेज प्यास लगने लगती है और आपके होंठ फटने लगते हैं। कई बार लार ना बनने की वजह से ही मुंह में बैक्टीरिया बढ़ जाते हैं जिससे मुंह से तेज बदबू आने लगती है। ऐसे कोई भी लक्षण दिखने पर तुरंत डॉक्टर की सलाह लें।



Click it and Unblock the Notifications
