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क्या पीरियड्स के दौरान नवरात्रि का व्रत करना सही है?

भारत को त्यौहारों की धरती कहा जाता है। क्योंकि यहां हर समुदाय के लोग अपने त्यौहारों को बहुत धूम-धाम से और बढ़-चढ़कर मनाते है।
इस समय भारत के हर हिस्से में बुराई पर मां दुर्गा की जीत का त्यौहारा 'नवरात्रि’ की तैयारियां जोरों पर है। दक्षिण भारत में जहां इसे 'दशहरा’ के नाम से जाना जाता है तो वहीं उत्तरी भारत में इन नौ दिनों को 'नवरात्रि’ और 'दुर्गा अष्टमी’ से संबोधित किया जाता है।
घर-घर में शुभ महुर्त पर घट स्थपना की जाती है और दुर्गा मां के सम्मान में व्रत रखें जाते हैं। खासकर महिलाओं के बीच यह व्रत रखने की परम्परा खासी प्रचलित है। हालांकि इन व्रतों को करने के पीछे मान्यता है कि तन मन और दिमाग की शुद्धि हो जाती हैं।

लेकिन क्या महिलाओं को हर महीने होने वाले महावारी के दौरान नवरात्रि के व्रत करना सही है?, इससे फिजिकल हेल्थ और मेंटल हेल्थ कोई असर पड़ता है? तो आइए जाने कि इस बारें में एक्सपर्ट्स की क्या राय और हिदायते है।
क्या पीरियड्स के दौरान नवरात्रि का व्रत करना सही है?
सेल्फ कंट्रोल और शुद्धि
व्रत रखने के पीछे सामान्य धारणा यही है कि डेली रूटीन से हटकर हमारा मन धार्मिक कामों में लगता है। जिससे हमें एनर्जी मिलती है।
साथ ही व्रत के दिनों में संतुलित खाना खाने से हमारे शरीर की सफाई होती है तो दिमाग और मन शांत हो जाते है। इसके अलावा यह भी माना जाता है कि नवरात्रि के दौरान 9-10 दिनों तक चटपटे खाने से दूर सादा खाना खाने से मन पर कंट्रोल यानी कि सेल्फ कंट्रोल करना भी सीखते है। क्योंकि इन दिनों में व्रत करने वाले लोग सिर्फ, फल, पानी और दूध जैसी चीजों पर ही निर्भर रहते हैं।

महावारी के दौरान व्रत करने से क्या होता है?
पीरियड्स महिलाओं के लिए प्राकृतिक है। इस 4-7 दिन की नेचुरल गतिविधि से महिलाओं के शरीर से गंदें खून की सफाई हो जाती है। साथ ही इन दिनों में महिलओं को दर्द, चक्कर आना, भूख लगना या फिर कब्ज भी हो जाता है।
ऐसे में एक्सपर्ट्स की मानें तो पीरियड्स के दौरान व्रत करना कुछ महिलाओं के लिए नकारात्मक साबित हो सकता है। क्योंकि कुछ महिलाओं का इस दौरान बल्ड प्रेशर कम हो जाता है।
ऐसे में पूरे दिन भूखें रहना, या फिर सिर्फ फल खाना और पानी पर निर्भर रहने से चक्कर आने की संभावना रहती है।
इसके अलावा कुछ महिलाओं को मूड स्विंग्स होते है, जिससे उनमें चिढ़चिढ़ापन बढ़ जाता है। ऐसे में पीरियड्स के समय व्रत न करें तो ही अच्छा है और हो सके तो डॉक्टर की सलाह लें।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



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