Latest Updates
-
क्या होता है वेपर हीट ट्रीटमेट? वो टेक्नोलॉजी जिसके टेस्ट में फेल होने पर जापान ने बैन किए भारतीय आम -
Healthy Iron Rich Aloo Palak Recipe: लंच के लिए बनाएं आयरन से भरपूर स्वादिष्ट सब्जी -
दिल्ली में फिर फटा AC: रिकॉर्ड तोड़ गर्मी नहीं, ये 4 बड़ी गलतियां एयर कंडीशनर को बना रही हैं ‘बम'! -
नीम करौली बाबा के 3 गुप्त नियम बदल सकते हैं आपकी किस्मत, आज ही जान लें सफल जीवन का रहस्य! -
UP Village Style Besan Cheela Recipe: घर पर बनाएं गांव जैसा पौष्टिक और स्वादिष्ट नाश्ता -
Hindi Journalism Day 2026 Wishes: हिंदी पत्रकारिता दिवस के मौके पर सभी पत्रकार दोस्तों को ये शुभकामना संदेश -
Aaj Ka Rashifal 30 May 2026: शनिवार को इन राशियों की चमकेगी किस्मत, शनिदेव की कृपा से होगा धन लाभ -
Restaurant Style Kadai Sabzi Recipe: घर पर बनाएं होटल जैसी चटपटी और मसालेदार सब्जी -
Blue Moon 2026: 31 मई को आसमान में दिखेगा दुर्लभ 'ब्लू मून'; जानिए इसकी खासियत, कहां और कैसे देखें -
Hindi Journalism Day: 30 मई को ही क्यों मनाया जाता है हिंदी पत्रकारिता दिवस? जानें इस दिन का इतिहास और महत्व
World Malaria's Day: नींबू, नीम और तुलसी जैसी घरेलू औषधियां बचाएंगी मलेरिया से..
मौसम का रुख बदलते ही मच्छरों की संख्या बहुत बढ़ जाती है, मच्छरों के काटने से बहुत सारी बीमारियों के होने का खतरा रहता है, जिनमे से सबसे मुख्य है मलेरिया। जलवायु परिवर्तन के चलते लगातार तापमान बढ़ रहा है और इसी के साथ मलेरिया का खतरा भी बढ़ गया है। शोधकर्ताओं के मुताबिक़ तापमान बढ़ने के कारण मलेरिया के मरीज़ों की संख्या तेज़ी से बढ़ी है।
मलेरिया होने पर ठण्ड के साथ तेज बुखार आता है जिसके कारण व्यक्ति बहुत कमज़ोर हो जाता है, इसलिए बदलते मौसम में खुद का ख्याल रखना बहुत जरूरी होता है थोड़ी सी भी लापरवाही आपको मलेरिया के चपेट में ले सकती है। पर आज हम आपको कुछ ऐसे तरीके बताने जा आरहे है जिनके इस्तेमाल से आप बहुत जल्द ही मलेरिया के बुखार से राहत पा सकते है।

तुलसी की चाय
मलेरिया की बीमारी में तुलसी की चाय का सेवन करना बहुत फायदेमंद होता है. अगर आपको मलेरिया के कारण बुखार आ गया है तो ऐसे में तुलसी, लौंग और काली मिर्च की चाय का सेवन पीएं।

नीम
नीम कड़वी होने के साथ साथ, इसमें कई तरह के औषधीय तत्व भी होते हैं। इससे कई तरह के रोगोँ का इलाज भी किया जाता है खास तौर पर इसकी छाल को मलेरिया और त्वचा संबंधी रोगोँ के इलाज मेँ प्रयोग किया जाता है। नीम की पत्तियां, तुलसी के पत्ते और 1 चम्मच नींबू के रस को एकसाथ मिलाकर चटनी बनाकर सुबह और शाम खाने से मलेरिया के बुखार में लाभ होता है।

अदरक
मलेरिया से बचाव के लिए अदरक एक सामान्य और चर्चित उपाय है। मलेरिया का बुखार होने पर अदरक को पानी में उबालकर सीरप की तरह पीनें से इम्यून सिस्टम को बढ़ावा मिलता है। अदरक में जिंजरोल एक सक्रिय घटक मौजूद होता है इसमें मौजूद हाइड्रोकार्बन शरीर में एंटीबैक्टीरियल और एंटी इंफलेमटरी गतिविधियों को बढ़ावा देता है। यह एक बहुत ही इफेक्टिव नेचुरल उपाय है।

फिटकरी
थोडी सी फ़िटकरी तवे पर भूनकर चूर्ण बना लें। आधा चम्मच पाउडर बुखार आने के 3 घंटे पहले पानी से पीएं। बाद में हर दूसरे घंटे पर यह दवा लेते रहने से बुखार खत्म होता है।

दालचीनी और शहद
एक गिलास पानी लें। इसमें एक चम्मच दालचीनी, एक चम्मच शहद और आधा चम्मच काली मिर्च का पाउडर मिलाकर गर्म करें। ठंडा होने पर पीएं, यह अत्यंत लाभकारी नुस्खा है।

नींबू
गरम पानी में नींबू का रस मिलाकर पीने से बुखार की तीव्रता घटने लगती है। इसमें मौजूद मिनरल्स और विटामिंस शरीर को मलेरिया से बाहर निकालने में मदद करते है।

संतरा के ज्यूस
विटामिन सी को इम्यून सिस्टम बढ़ाने के लिए जाना जाता है। और ये मलेरिया के उपचार में कुछ मात्रा में अपना योगदान देता है। मलेरिया के बुखार के दौरान कई लोग अपने आप को हाइड्रेड रखने के लिए संतरे के ज्यूस को पीना पसंद करते है। इसमें मौजूद एंटीऑक्सीडेंट और विटामिन सी इम्यून सिस्टम को बढ़ाने में मदद करता है।

अंगूर
अंगूर में पाए जाने वाले एक शक्तिशाली पदार्थ, जो क्विनिन के समान होता है, ये सीधे मलेरिया के रोगाणु को निष्क्रिय करने के लिए जाना जाता है। आप इसे अपने डाइट में शामिल करके मलेरिया के प्रभाव से बच सकते है। अंगूर हर जगह आसानी से पाया जा सकता है।


मैथी के बीज
मलेरिया के बुखार में रोगी बहुत ही कमजोरी महसूस करता है। प्रतिरक्षा प्रणाली बढ़ाने के लिए मैथी के बीज बहुत ही अच्छा उपाय है। मलेरिया से बचने के लिए मैथी की सब्जी, मैथी के बीज की सब्जी या मैथी के बीज को पानी में उबालकर पीने से भी मलेरिया के प्रकोप से जल्दी बाहर निकला जा सकता है।



Click it and Unblock the Notifications