स्‍पर्म डोनेट करने से नहीं पड़ता है सेक्‍स लाइफ पर असर, जानिए इसके फायदे

स्‍पर्म डोनेशन, आजकल ये एक बहुत सामान्‍य सा टर्म बन गया है। जिसे सुनने या बोलने में आजकल बिल्‍कुल भी हिचक महसूस नहीं होती है। स्‍पर्म डोनेशन की वजह से दुनियाभर में लाखों ऐसे घर है ज‍िनके घर किल‍कारियां गूंज रही है। कई ऐसे लोग है जो बच्‍चें की चाह में दर-दर की ठोकरें खा रहे थे। स्‍पर्म डोनेशन की वजह से ऐसे निसंतान जोड़ों को उम्‍मीद की नई किरण मिली है और उनकी गोद भरी है। लेकिन आज भी कई लोग है जो स्‍पर्म डोनेशन को शक की निगाहों से देखते हैं।

उन्‍हें लगता है कि स्‍पर्म डोनेट करने से स्‍पर्म की संख्‍या और क्‍वॉल‍िटी में गिरावट आती है और हर कोई स्‍पर्म डोनेट कर सकता है। इसके अलावा लगातार स्‍पर्म डोनेट करने से पुरुषों में शारीरिक कमजोरी आती है। लेकिन ऐसा कुछ भी नहीं है आइए जानते है, स्‍पर्म डोनेट करने के क्‍या फायदे हैं और क्‍या चीज आपको जाननी जरुरी है।

नहीं कम होती है कमजोरी

नहीं कम होती है कमजोरी

सबसे पहली और खास बात कि स्पर्म डोनेट करने से मर्दानगी किसी भी लिहाज से नहीं घटती। बल्कि अगर आप स्पर्म डोनेट करते हैं तो आपके स्पर्म उतनी ही रफ्तार से बढ़ेंगे।

नहीं पड़ता है सेक्‍स लाइफ पर असर

नहीं पड़ता है सेक्‍स लाइफ पर असर

इससे आपकी सेक्स लाइफ पर कोई बुरा असर नहीं पड़ता। असल में यह कोई गंदी बात नहीं है। स्पर्म डोनेट करना बिलकुल रक्तदान करने जैसा है। इससे आपकी सेक्स लाइफ ज्यों की त्यों रहेगी।

40 साल तक कर सकते है स्‍पर्म डोनेट

40 साल तक कर सकते है स्‍पर्म डोनेट

आप विवाहित हैं या अविवाहित इसका स्पर्म डोनेशन से कोई संबंध नहीं। आप चालीस साल की उम्र तक किसी भी दिन स्पर्म डोनेट कर सकते हैं।

स्‍पर्म डोनेट और मास्‍टरबेशन

स्‍पर्म डोनेट और मास्‍टरबेशन

स्‍पर्म डोनेट करने के ल‍िए हस्‍तमैथुन करना बहुत जरुरी होता है, हस्तमैथुन पुरुषों के लिए अच्छा होता है। नियमित हस्तमैथुन करने से पुरुषों की पेल्विक फ्लोर की मांसपेशियों को मजबूत करने में मदद करता है जो इरेक्‍टाइल डिसफंक्‍शन (ईडी) और पुरुष असंयम जैसी समस्‍याओं को रोकने में मदद करता है। मास्‍टरबेट या हस्‍तमैथुन करने से आपकी इम्‍यून‍िटी भी बढ़ती है क्योंकि स्खलन से कोर्टिसोल (एक हार्मोन) बढ़ता है जो आपकी इम्‍यून‍िटी बढ़ाता है। बेशक, हस्तमैथुन को तनाव घटता है और इससे गंभीर स्‍वास्‍थय संबंधी समस्‍याएं दूर होती है और स्‍पर्म डोनेट के दौरान मास्‍टरबेट करने से तनाव भी खत्‍म होता है।

 पहले डॉक्‍टर से मिलें

पहले डॉक्‍टर से मिलें

स्पर्म डोनेट करने के लिए किसी भी पुरुष को सामान्य डाक्टरी जांच से गुजरना पड़ता है। जैसे HIV,हेपेटाइटिस या कोई गुप्‍त रोग नहीं होना चाहिए। अधिकतर अस्पताल शुगर से पीड़ित लोगों के स्पर्म भी नहीं लेते।

समलैंगिक पुरूष न हो

समलैंगिक पुरूष न हो

अगर कोई पुरूष, गे है तो उसे स्‍पर्म डोनर नहीं बनाया जा सकता है क्‍योंकि उसके गे होने की स्थि‍ति में गुप्‍त रोग होने की समस्‍या बहुत ज्‍यादा होती है।

स्‍पर्म की क्‍वॉल‍िटी पर मिलते है दाम

स्‍पर्म की क्‍वॉल‍िटी पर मिलते है दाम

ऐसे दौर में जब लोग डिजाइनर बेबी की मांग करने लगे हैं, अगर आप लंबे, सुंदर स्मार्ट हैं तो आपके स्पर्म की मांग भी ज्यादा होगी। कैलिफोर्निया में स्पर्म डोनर को 1200 डॉलर

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