Latest Updates
-
Mother's Day 2026: 50 की उम्र में चाहिए 30 जैसा ग्लो ! महंगे फेशियल नहीं आजमाएं ये 5 घरेलू नुस्खे -
Mother's Day Wishes for Chachi & Tai Ji: मां समान ताई और चाची के लिए मदर्स डे पर दिल छू लेने वाले संदेश -
क्या आपने कभी खाया है 'हरामजादा' और 'गधा' आम? मिलिए Mango की उन 14 किस्मों से जिनके नाम हैं सबसे अतरंगी -
Mother's Day 2026 Wishes for Bua & Mausi: मां जैसा प्यार देने वाली बुआ और मौसी को भेजें मदर्स डे पर ये संदेश -
Periods Delay Pills: पीरियड्स टालने वाली गोलियां बन सकती हैं जानलेवा, इस्तेमाल से पहले जान लें ये गंभीर खतरे -
वजन घटाने के लिए रोज 10K कदम चलना सबसे खतरनाक, एक्सपर्ट ने बताए चौंकाने वाले दुष्परिणाम -
Maharana Pratap Jayanti 2026 Quotes: महाराणा प्रताप की जयंती पर शेयर करें उनके अनमोल विचार, जगाएं जोश -
Shani Gochar 2026: रेवती नक्षत्र में शनि का महागोचर, मिथुन और सिंह सहित इन 5 राशियों की लगेगी लॉटरी -
Aaj Ka Rashifal 9 May 2026: शनिवार को इन 4 राशियों पर बरसेगी शनिदेव की कृपा, धन लाभ के साथ चमकेंगे सितारे -
Mother Day 2026: सलाम है इस मां के जज्बे को! पार्किंसंस के बावजूद रोज 100 लोगों को कराती हैं भोजन
Mental Health: स्ट्रेस, एंग्जाइटी और डिप्रेशन को एक समझने की ना करें भूल, जानिए अंतर
तनाव व चिंता आज के समय में एक आम समस्या बन गई है। आमतौर पर, लोग कई तरह की मेंटल हेल्थ प्रॉब्लम्स जैसे स्ट्रेस, एंग्जाइटी और डिप्रेशन को एक ही समझ लेते हैं। लेकिन वास्तव में यह एक-दूसरे से थोड़ा अलग हैं और कुछ स्थितियों में आपको एक अच्छे मनोवैज्ञानिक की आवश्यकता होती है। यह कुछ ऐसे ही है, जैसा कि बुखार और सिरदर्द होने पर हम डॉक्टर से संपर्क करते हैं और दवा लेते हैं। हालांकि, किसी विशेषज्ञ के पास जाने से पहले आपको इनके बारे में सही तरह से जानना व अंतर करना आना चाहिए। तो चलिए आज इस लेख में हम आपको स्ट्रेस, एंग्जाइटी और डिप्रेशन के बीच के अंतर के बारे में बता रहे हैं-

स्ट्रेस, एंग्जाइटी और डिप्रेशन के बीच अंतर
स्ट्रेस, एंग्जाइटी और डिप्रेशन तीनों ही एक तरह की मानसिक समस्याएं हैं, लेकिन इनकी गंभीरता व समयावधि में अंतर हो सकता है और इसी के आधार पर इन तीनों स्थितियों के बीच अंतर किया जा सकता है।

एंग्जाइटी क्या है?
एंग्जाइटी एक चिंता विकार है। यानी अगर आप किसी विषय को लेकर बहुत ज्यादा चिंतित हैं और बार-बार घबराहट महसूस कर रहे हैं तो हो सकता है कि आप किसी विषय को लेकर बहुत अधिक तनाव में हों। एंग्जाइटी होने पर अक्सर व्यक्ति बहुत अधिक बैचेने हो जाता है। इस स्थिति का समय पर इलाज जरूरी है। अगर समय पर इसका इलाज नहीं किया गया तो यह गंभीर रूप ले सकता है।

स्ट्रेस या तनाव क्या है?
स्ट्रेस और एंग्जाइटी के लक्षण लगभग एक जैसे ही होते हैं। हालांकि, दैनिक कार्य के दबाव के कारण व्यक्ति खुद को अधिक तनावग्रस्त महसूस करता है। किसी बात का तनाव या स्ट्रेस होने पर व्यक्ति को सिरदर्द, उच्च रक्तचाप, नींद की समस्या और स्किन की समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है। इसलिए, किसी भी तरह के स्ट्रेस या तनाव से दूर रहें, ताकि ऐसी समस्याओं से बचा जा सके। स्ट्रेस को मैनेज करने के लिए आप कुछ रिलैक्सिंग तकनीक अपना सकते हैं। बहुत सी स्थितियों में इसे मैनेज करने के लिए मनोवैज्ञानिक की आवश्यकता नहीं पड़ती है।

डिप्रेशन क्या है?
डिप्रेशन एक बहुत ही आम शब्द बन गया है, जिसका इस्तेमाल आजकल हर कोई गलत तरीके से करने लगा है। लेकिन ऐसा नहीं है, छोटी-छोटी समस्याओं का डिप्रेशन होना जरूरी नहीं है। डिप्रेशन के कई लक्षण होते हैं। उदाहरण के लिए, लोगों से बात न करना, खुद को लंबे समय तक कमरे में बंद रखना, बेचैनी, काम में रुचि की कमी आदि। ऐसी स्थिति में व्यक्ति अपने आप को काफी दबा हुआ महसूस करता है। किसी भी घटना के बारे में सोचने, चिंता करने या डरने के कारण यह स्थिति उत्पन्न हो सकती है।

कब जरूरी है मनोचिकित्सक की सलाह
चूंकि तनाव और डिप्रेशन के लक्षण एकसमान होते हैं। ऐसे में जरूरी है कि डिप्रेशन और स्ट्रेस में अंतर को समझें और समय रहते डॉक्टरी मदद लें। डॉक्टर का कहना है कि अगर आप 3 से 6 महीने से ज्यादा किसी चीज को लेकर परेशान हैं तो यह डिप्रेशन की स्थिति हो सकती है। ऐसे में तुरंत किसी मनोवैज्ञानिक से सलाह लें। लंबे समय तक डिप्रेशन में रहना किसी गंभीर स्थिति का परिणाम हो सकता है।



Click it and Unblock the Notifications