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अर्थ नहीं
Short Story
oi-Staff

अंततः बोकुजू ने उस आदमी को पकड़ लिया और उसे उसकी छड़ी दे दी। इस बीच भीड़ जमा हो गई और भीड़ में से एक आदमी ने बोकुजू से पूछा, "उस आदमी ने आपको इतना मारा और आपने उसे कुछ नहीं कहा!"
बोकुजू ने कहा, "सच सच है, उसने मारा उतना बस है। यह हुआ कि वह मारनेवाला है और मुझे मारा गया है। यह वैसा ही है जैसे कि मैं एक वृक्ष के नीचे से जा रहा हूँ और एक शाखा गिर पडी है। मैं क्या करूँगा? मैं क्या कर सकता हूँ?
फिर भी भीड़ कहती रही कि शाखा तो शाखा है परंतु यह तो एक आदमी है। हम शाखा को फटकार नहीं सकते। हम वृक्ष को यह नहीं कह सकते कि यह बुरी बात है क्योंकि वह ‘वृक्ष' है और उसके पास बुद्धि नहीं है।
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English summary
No Interpretation | अर्थ नहीं
Story first published: Friday, September 28, 2012, 17:58 [IST]
Other articles published on Sep 28, 2012



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