Latest Updates
-
कौन थीं अनन्या राज? 27 साल की उम्र में हुई मौत, एक महीने बाद सामने आई निधन की खबर -
Rudrabhishek Vidhi: घर पर शिव जी का रुद्राभिषेक कैसे करें? जानें सरल पूजा विधि, सामग्री, मंत्र और जरूरी नियम -
Nag Panchami 2026: नाग पंचमी पर करें ये 5 सरल उपाय, कालसर्प दोष से मिलेगी राहत -
Nag Panchami 2026 Wishes: नाग देवता की कृपा बरसे...नाग पंचमी पर अपनों को भेजें ये खास शुभकामना संदेश -
Independence Day 2026: भारत की आजादी के लिए 15 अगस्त की तारीख ही क्यों चुना गई? वजह जानकर रह जाएंगे हैरान -
Hariyali Teej Vrat Katha: हरियाली तीज पर जरूर पढ़ें ये व्रत कथा, मिलेगा शिव-पार्वती जी का आशीर्वाद -
Hariyali Teej 2026 Wishes: शिव-पार्वती का आशीर्वाद...इन संदेशों क साथ अपनों को दें हरियाली तीज की शुभकामनाएं -
Independence Day 2026 Shayari: तिरंगा हमारी शान...स्वतंत्रता दिवस पर अपनों को भेजें देशभक्ति से भरी शायरियां -
महिलाओं में मेनोपॉज के दौरान क्यों बढ़ जाता है डायिबटीज का जोखम? जानें इसके पीछे की असली वजह -
Happy Independence Day 2026 Wishes: स्वतंत्रता दिवस पर अपनों को भेजें देशभक्ति से भरे ये शुभकामना संदेश
गर्मी में उल्टी-दस्त के मरीजों की संख्या बढ़ी, डायरिया से बचने के लिए अपनाएं ये घरेलू उपाय
How To Control Loose Motion And Vomiting: जैसे-जैसे गर्मी अपने चरम पर पहुंच रही है, वैसे-वैसे अस्पतालों में उल्टी-दस्त, फूड पॉइजनिंग और वायरल बुखार के मरीजों की संख्या तेजी से बढ़ने लगी है। खासकर बच्चों और बुजुर्गों में डायरिया (Diarrhea) की समस्या ज्यादा देखने को मिल रही है। तेज धूप, दूषित पानी, बाहर का बासी खाना और शरीर में पानी की कमी इस मौसम में पेट से जुड़ी बीमारियों का सबसे बड़ा कारण बन रहे हैं। डॉक्टरों के मुताबिक, अगर समय रहते डायरिया को कंट्रोल न किया जाए तो शरीर में गंभीर डिहाइड्रेशन हो सकता है, जो कई बार जानलेवा भी साबित हो सकता है। ऐसे में आइए जानते हैं गर्मियों में डायरिया क्यों होता है, इसके लक्षण क्या हैं और इससे बचने के लिए कौन-से घरेलू उपाय सबसे असरदार माने जाते हैं।

गर्मियों में डायरिया क्यों बढ़ जाता है?
गर्मी के मौसम में बैक्टीरिया और वायरस तेजी से पनपते हैं। बाहर रखा खाना जल्दी खराब हो जाता है और दूषित पानी संक्रमण फैलाने लगता है। यही कारण है कि इस मौसम में पेट में संक्रमण और दस्त की समस्या बढ़ जाती है। ऐसे में जरूरी है कि खासतौर पर बच्चों व बुजूर्गों का ध्यान रखा जाए और उन्हें कम से कम बाहर निकलने दिया जाए।
क्या हैं डायरिया होने के मुख्य कारण
दूषित पानी पीना
बासी या बाहर का खाना खाना
कटे हुए फल लंबे समय तक खुले में रखना
ज्यादा मसालेदार और तला हुआ भोजन
शरीर में पानी की कमी
वायरल या बैक्टीरियल इंफेक्शन
हाथ धोए बिना खाना खाना
जान लें डायरिया के लक्षण और हो जाएं सावधान
बार-बार पतले दस्त होना
उल्टी और जी मिचलाना
पेट में मरोड़ या दर्द
तेज बुखार
कमजोरी और चक्कर आना
मुंह सूखना
शरीर में पानी की कमी होना
डिहाइड्रेशन क्यों होता है खतरनाक, क्या होते हैं इसके लक्षण?
दस्त लगने पर सबसे ज्यादा परेशानी डिहाइड्रेशन की होती है जो कई बार जानलेवा भी हो जाता है। डायरिया के दौरान शरीर से पानी और जरूरी मिनरल्स तेजी से बाहर निकल जाते हैं। इससे डिहाइड्रेशन हो सकता है। शरीर में पानी की कमी होने पर पेशाब कम आता है और होंठ बार-बार सूख जाते हैं। बहुत तेजी से कमजोरी आती है व आखें अंदर धंस जाती हैं।
डायरिया हो जाए तो तुरंत करें ये नाम?
1. ORS जरूर पिएं
डायरिया में शरीर में पानी और इलेक्ट्रोलाइट्स की कमी हो जाती है। ऐसे में ORS सबसे जरूरी माना जाता है।
2. ज्यादा से ज्यादा पानी पिएं
डायरिया होने पर ज्यादा से ज्यादा पानी पिएं, साथ में इस बात का भी ध्यान रखें कि आप सादा पानी न पीते रहें बल्कि नारियल पानी, नींबू पानी, छाछ, ग्लूकोज वाला पानी पिएं।
3. हल्का भोजन करें
डायरिया होने पर भारी खाना जैसे रोटी, चिकन-मटन आदि का सेवन न करें बल्कि हल्का खाना जैसे कि खिचड़ी, दही-चावल, केला और टोस्ट आदि खाएं। ऐसा खाना पेट को जल्दी आराम देगा और दस्त जल्दी ठीक हो जाएंगे।
डायरिया होने पर कारगर हैं ये घरेलू उपाय
दही और केला
दही में मौजूद प्रोबायोटिक्स पेट के अच्छे बैक्टीरिया बढ़ाते हैं और केला शरीर में एनर्जी बनाए रखता है। डायरिया होने पर इन दोनों चीजों का सेवन फायदेंमंद होता है।
जीरा पानी
भुना हुआ जीरा पेट की गर्मी कम करने में मदद करता है। साथ ही छाछ आदि में भुना हुआ जीरा डाल उसे पीने से दस्तों में आराम मिलता है।
नारियल पानी
नारियल पानी डायरिया होने पर शरीर में इलेक्ट्रोलाइट्स बैलेंस बनाए रखने में बेहद फायदेमंद है।
चावल का माड़
चावल का माड़ पुराना घरेलू उपाय है जो दस्त रोकने में मदद करता है। अगर बच्चों को बहुत ज्यादा दस्त हो रहे हैं तो आप चावल के माड़ का सेवन करें।
कब डॉक्टर को दिखाना चाहिए?
वैसे तो दस्त लगने पर पहले घरेलू उपाय अपनाने चाहिए लेकिन अगर दिक्कत ज्यादा हो तो डॉक्टर को दिखाना चाहिए वरना कई बार ये जानलेवा भी साबित हो जाता है। अगर दस्त में खून आ रहा हो, तेज बुखार हो, लगातार उल्टी, बच्चा सुस्त पड़ जाए, 24 घंटे से ज्यादा दस्त हो रहे हों, तो ऐसी स्थिति में तुरंत डॉक्टर की सलाह पर दवाई देनी चाहिए।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



Click it and Unblock the Notifications