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पेट में बनती है अगर एसिडिटी तो ना खाएं ये 7 चीजें
एसिड रिफ्लक्स आपके पेट से जुडी समस्या होती है जिसमे पेट के ऊपर वाले भाग में तेज जलन महसूस होती है। यह हमेशा आपके इसोफेगास और मुंह की तरफ बढ़ता है। इसमें पेट में बनने वाला एसिड शरीर के उपरी भाग की तरफ बढ़ता जाता है जिसमें कम- ज्यादा दर्द महसूस होता है। अक्सर लोग इसे हार्ट अटैक में होने वाले दर्द को समझकर कन्फ्यूज हो जाते हैं। इस समस्या की वजह है आपका खराब खान-पान का इस्तेमाल करना।

हालांकि यह समस्या आपके पाचन तंत्र और इसोफेगस में होने वाली दिक्कत की वजह से भी हो सकती है। यह बहुत ज्यादा खतरनाक बीमारी नहीं होती है फिर भी इसका इलाज जरुरी है क्योंकि इसकी वजह से और दूसरी समस्याएं ना होने पाए। इस समस्या को रोकने के लिए कुछ खाद्य पदार्थों सेवन करना आपको बंद करना होगा। इस आर्टिकल के जरिये हम आपको ऐसे 7 फूड्स बता रहें है जिनका सेवन नहीं करना चाहिए।

1- रेड मीट:
रेड मीट में प्रोटीन अच्छी मात्रा में पाया जाता है लेकिन कम मात्रा में खाने से यह स्वास्थ्य के लिए फायदेमंद भी होता है। इसके अलावा जिन लोगों को एसिड रिफ्लक्स की समस्या होती है उनको इसका सेवन नहीं करना चाहिए क्योंकि मीट में मौजूद प्यूरिन्स आपके पाचन तंत्र को प्रभावित करके एसिड को बढाता है।

2- कॉफ़ी:
अपने अच्छे फ्लेवर की वजह से कॉफ़ी पूरी दुनिया में सबसे ज्यादा इस्तेमाल किया जाने वाला पेय पदार्थ है। इसमें बहुत अधिक मात्रा में एंटी-आक्सीडेंट, विटामिन और मिनरल्स पाए जाते हैं जिसकी वजह से यह स्वास्थ्य के लिए फायदेमंद होता है। हालांकि जिन लोगों को एसिड रिफ्लक्स की दिक्कत है उन्हें इसका सेवन नहीं करना चाहिए क्योंकि इसमें मौजूद कैफीन, एसिड को बढाने का काम करता है। एसिड फ्लो को नियंत्रित करने वाले वाल्व के लिए यह पदार्थ एक रेलैक्सेंट की तरह काम करता है जिससे एसिड आसानी से मुंह में आ जाता है।

3- प्रोसेस्ड मीट और केन वाले फूड्स:
ये पदार्थ हमेशा ही पाचन तंत्र के लिए खराब होते हैं और खासतौर पर उन लोगों के लिए जिन्हें एसिड रिफ्लक्स की समस्या हो। इसमें सोडियम की मात्रा बहुत ज्यादा होती है जिससे यह पेट में उलझन पैदा करता है और एसिड को इसोफेगस की तरफ बढाने का काम करता है। वहीँ दूसरी तरफ इसमें सेचुरेटेड फैट होने की वजह से आपको मेटाबोलिक समस्या भी हो सकती है।

4- स्पाइसी मसाले:
इन मसालों का सेवन करने से एसिड की समस्या होती है और कभी कभी तो यह गैस्ट्रिक म्युकोसा के लिए भी उलझन पैदा करता है। हालांकि कम मात्रा में सेवन करने से ज्यादा दिक्कत नहीं होती है लेकिन जिन्हें एसिड रिफ्लक्स की समस्या है उनके लिए यह नुकसानदायक होता है। कुल मिलाकर इन मसालों का सेवन कम करना चाहिए।

5- चॉकलेट:
रोजाना उचित मात्रा में चॉकलेट का सेवन करने से आपके शरीर को जरुरी एंटी-आक्सीडेंट, विटामिन और मिनरल्स मिलते हैं। हालांकि जिन्हें पेट की समस्या होती है उनके लिए यह कहीं से भी ठीक नहीं होता है क्योंकि इसमें मौजूद कैफीन, फैट और थिओब्रोमिन पेट से निकलने वाले एसिड को बढाने का काम करते हैं।

6- तले-भुने खाद्य पदार्थ:
फ्राइड फूड्स का सेवन करने से आपको पेट से जुड़ी कई समस्याएं होने की संभावना बढ़ जाती है क्योंकि इसमें ट्रांस फैट, कुछ केमिकल और साल्ट होते हैं। इसके साथ ही ये पेट के pH को ही बदल देते हैं जिसकी वजह से एसिड रिफ्लक्स की दिक्कत होने लगती है। इन पदार्थों को खाने से शरीर के इन्फ्लामेसन प्रोसेस पर भी बुरा असर पड़ता है जिससे पेट का दबाव बढ़ने लगता है।

7- रिफाइंड आटा:
प्रोसेस्ड ब्रेड और बेकरी प्रोडक्ट्स में रिफाइंड फ्लोरस्कैन होता है जो आपके स्वास्थ्य के लिए बिल्कुल भी अच्छा नहीं होता है। सबसे पहले तो यह पेट और इसोफेगस में एसिडिक वातावरण बनाता है और इसके अलावा उतकों में इन्फ्लामेसन भी करता है। इसमें मौजूद कार्बोहाइड्रेट ब्लड ग्लूकोस लेवल को बढाने का काम करता है। इसलिए इनका उचित मात्रा में ही सेवन करें क्योंकि ज्यादा खाने से आपको अल्सर और गैस्ट्राइटीस होने का खतरा हो सकता है।



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