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नारियल से लेकर आंवला तक, ये सुपरफूड खाने से कंट्रोल में रहता है थाइराइड
थायराइड एक तितली के आकार की ग्रंथि है जो गर्दन में आगे की ओर स्थित होती है। वैसे थायराइड ग्लैंड कई हार्मोन्स से बनाती है, जो आपके पूरे शरीर में कई कार्यों जैसे हार्ट सांस, पाचन तंत्र और शरीर के तापमान को मैनेज करती हैं। साथ ही ये हड्डियों, मांसपेशियों व कोलेस्ट्रॉल को भी नियंत्रित करते हैं। जब ये हार्मोंस बैलेंस में नहीं होते तो वजन कम या ज्यादा होने लगता है, इसे ही थायराइड की समस्या कहते हैं। कई पुरुष और महिलाएं, चाहे उनकी उम्र कुछ भी हो, खराब लाइफस्टाइल की वजह से इस समस्या की चपेट में आ जाते हैं। अपने डेली रुटीन डाइट में आप ऐसे कई सुपरफूड है जिनका सेवन करने से वो आपके थायराइड फंक्शन के मैनेज करने में आपकी मदद करते हैं। आइए जानें -

नारियल
नारियल चाहे कच्चा हो या पका हुआ, थायराइड के मरीजों के लिए सबसे अच्छे भोजन में से एक है। यह उन लोगों के मेटाबॉलिज्म को बढ़ाता है जिनका मेटाबॉलिज्म धीमा या सुस्त हो गया है है। नारियल में एमसीएफए (मीडियम चेन फैटी एसिड) और एमटीसी (मीडियम चेन ट्राइग्लिसराइड्स) की मात्रा अधिक होती है, ये दोनों ही मेटाबॉलिज्म को बढ़ाने में मदद करते हैं।

मूंग दाल
बीन्स में प्रोटीन, एंटीऑक्सिडेंट, कॉम्प्लेक्स कार्ब्स और विटामिन और मिनरल प्रचुर मात्रा में होते हैं। वे फाइबर में भी उच्च होते हैं, जो कब्ज होने पर मदद कर सकते हैं, जो थायरॉइड असंतुलन का एक सामान्य दुष्प्रभाव है। अधिकांश फलियों की तरह मूंग में भी आयोडीन होता है, और उनके बारे में सबसे अच्छी बात यह है कि ये सभी फलियां पचाने में आसान होती है, जो इस बीमारी के वजह से धीमी चयापचय दर के प्रभाव को को कम करके इसे सामान्य दर में लाने में मदद करती है।

कद्दू के बीज
कद्दू के बीज में जिंक भी अधिक होता है, जो शरीर के अन्य विटामिन और खनिजों के अवशोषण के साथ-साथ थायराइड हार्मोन के निर्माण और संतुलन के लिए आवश्यक है।

सूखे मेवे
थायराइड हार्मोंन के मेटाबॉलिज्म के लिए शरीर को सेलेनियम की जरूरत पड़ती है। सूखे मेवे में प्रचूर मात्रा में सेलेनियम पाया जाता है। जो थायराइड ग्रंथि को कंट्रोल रखने में मदद करता है। ध्यान रखें, इनका सीमित मात्रा में ही करें। ऐसा इसलिए क्योंकि इनमें बहुत अधिक फैट की मात्रा मौजूद होती है, जो थायराइड की समस्या बढ़ा सकता है।

आंवला
आंवला, पोषक तत्व से भरपूर फल है जो रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाने और बीमारी से लड़ने में मदद कर सकता है। आंवला में एक संतरे से आठ गुना ज्यादा विटामिन सी और एक अनार के 17 गुना ज्यादा विटामिन सी प्रदान करता है। यह एक आजमाया हुआ हेयर टॉनिक है। यह बालों के सफेद होने को धीमा करके, रूसी को रोककर, बालों के रोम को मजबूत करके और खोपड़ी में रक्त परिसंचरण को बढ़ाकर बालों के विकास में सुधार करता है।



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