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नींद में आप के साथ भी होती हैं ये अजीबो गरीब चीज़ें...
नींद एक बहुत ही अद्भुत चीज़ है जिसे प्रकृति ने हमें वरदान के रूप में दिया है। एक अच्छी नींद लेने से हमारी सेहत बनी रहती है और वहीं अगर नींद ना आने की समस्या हो जाए तो स्वास्थ्य और मूड पर बहुत गहरा असर पड़ता है।
नींद से संबन्धित कई अजीबो गरीब चीजे़ भी हैं, जिसके बारे में आप को पता तो है मगर आपने कभी इसके पीछे के कारणों को जानने की शायद ही कोशिश की हो।
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उदाहरण के तौर पर कई लोगों को नींद में चलने या बड़बड़ाने की बीमारी होती है। पर यह तो आम बात है, जो हर किसी के साथ कभी ना कभी हुआ ही होगा।
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इसके अलावा क्या आप जानते हैं कई लोग नींद में पैरालाइज़ हो जाते हैं और चाह कर भी उठ नहीं पाते? इसी तरह से कई और भी बातें हैं जिन्हें पड़ कर आप चौंक जरुर जाएंगे। आइये जाने उनके बारे में -

आंखें घूमती हैं
क्या आपने कभी सोते हुए व्यक्ति की आंखें ध्यान से देखी हैं, कि वह घूम रही हों? चिंता न करें क्योंकि यह हम सभी के साथ होता है। नींद के पांच चरणों में ऐसा होता है। यह पांचवा चरण होता है जो कि सपने देखने का चरण कहलाता है। इस दौरान आंखे घूमले लगती हैं।

पैरालाइज़ होना
सोते-सोते आपके हाथ और पैरों की मासपेशियां धीरे धीरे पैरालाइज़ यानी की लकवा ग्रस्त होने लगती हैं। जो कि आम सी बात है और सोते वक्त तो आपको इसके बारे में पता भी नहीं चल पाता।

झटके लगना
कभी ऐसा हुआ है कि आप आराम से सो रहे हों और आपको अचानक एक झटका सा महसूस होता है और आपकी नींद टूट जाती है? हांलाकि साइंटिस्टों ने अभी इसके बारे में पता नहीं लगाया है कि ऐसा क्यूं होता है। पर कुछ का कहना है कि आपका शरीर एक बदलाव के लिये तैयार हो रहा होता है। वहीं दूसरे कहते हैं कि हमारा मस्तिष्क सोने और जागने की स्थति को ले कर भ्रमित हो जाता है, जिससे नींद आचानक से टूट जाती है।

वासना जागना
यह हर पुरुष और महिला को होता है। रिसर्च कहती है कि यह इसलिये होता है जिससे हमारा शरीर हमेशा के लिये कोमा में न चला जाए। यह स्थति हमारे शरीर को नींद के प्रभाव को उल्टा कर के हमें जगा देती है, इसलिये हम असली दुनिया से जुडे़ रहते हैं।

सपने देखना
कई लोगों को सुबह उठ कर अपने सपने याद नहीं रहते, वहीं दूसरों को हल्का फुल्का सपना याद रहता है। कुछ सपनों का कनेक्शन हमारी ही जिंदगी से जुड़ा हुआ होता है। मनोवैज्ञानिको ने हमें सपने समझाने के लिए कई सिद्धांतों की पेशकश की है, लेकिन अब तक कोई आम सहमति सामने नहीं आई है। कई लोगों को अपने सपने साल भर के लिये भी याद रहते हैं।

नींद में बड़बड़ करना
लगभग 5 प्रतिशत जनसंख्या नींद में बातें करती है। वयस्कों की तुलना में बच्चों और महिलाओं में यह आदत आम होती है। यह एक प्रकार का स्लीप डिस्ऑर्डर है जो कि बिल्कुल भी खतरनाक नहीं है। हांलाकि यह आपको तो नहीं बल्कि आपके पार्टनर को जरुर परेशान कर सकता है। यह खासतौर पर तब होता है जब आपका दिमाग तनाव में हो या फिर आप किसी बीमारी से परेशान हों।

नींद में चलना
नींद में चलना काफी खतरनाक हो सकता है। आप गिर सकते हैं या फिर आपको चोट भी लग सकती है। जब आप नींद में चलते हैं तब आपका शरीर तो उठ चुका होता है लेकिन आपका दिमाग अभी भी नींद की स्थति में रहता है, इसलिये आपको पता ही नहीं चल पाता की आप कब उठ कर चलने लगे।

आप फोन पर मैसेज भी कर सकते हैं
नींद में फोन पर दूसरे को मैसेज भेजने की आदत आज कल टीनेजर्स में काफी आम होती जा रही है। औसत किशोर 100 टेक्स मैसेज एक दिन के भेजता है, जिस कारणवश उसे नींद में भी मैसेज भेजने की आदत पड़ जाती है। उसे पता ही नहीं चलता कि उसने रात को मैसेज किया भी था की नहीं।

दांतों को किट किटाना
इस समस्या को ब्रूकिज्म बोलते हैं। अगर आपको अक्सर ऐसा होता है तो आपको अपने डेंटिस्ट के पास जा कर दांतों को बचाने के लिये माउथ गार्ड लगवाना चाहिये। इस आदत की वजह से दांतों पर जोर पड़ता है और वह कमजोर भी हो सकते हैं।

गला चोक हो जाना
सोते वक्त आपकी मासपेशियां रिलैक्स हो जाती हैं जिससे वह संकरी हो जाती हैं। इससे सांस लेने में भी परेशानी आती है इसलिये कई लोगों को खर्राटे लेने की आदत होती है।

सूंघने की छमता में कमी
रात को सोते वक्त हम अपनी सूंघने की छमता खो बैठते हैं, जिससे अगर घर पर कोई गैस लीक हो रही हो या फिर धुएं की महक आए तो हमें पता ही नहीं चल पाता।



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