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शिव का पसंदीदा है धतूरा, यौन शक्ति बढ़ाने से लेकर गंजेपन का करता है इलाज

सावन का सोमवार भगवान शिव का प्रिय महीना होता है। इस दौरान भक्त भगवान शिव को खुश रखने के लिए हर जतन करते है। सावन में भगवान शिव की हर पसंदीदा चीज को चढ़ाया जाता है, उन्हीं में से एक है धतूरा के फल। भगवान शिव को चढ़ाया जाने वाला कांटेदार फल धतूरा आम तौर पर ज़हरीला और जंगली फल माना जाता है और यही कारण है कि पूजन के अलावा इसका प्रयोग किसी भी काम में नहीं किया जाता।

जहरीला होने के वजह से लोग इसे हाथ लगाने से भी डरते हैं। लेकिन धतूरे के इन फायदों को जानने के बाद यह फल आपकी भी पसंद बन जाएगा। जानिए इसके फायदे -
गंजेपन को करे दूर
धतूरे का प्रयोग गंजेपन को दूर करने के लिए फायदेमंद साबित होता है। इसके रस को सिर पर मलने से न केवल डैंड्रफ ख़त्म होती है, बल्कि गंजेपन से भी छुटकारा मिलता है। इसके अलावा सिर पर जुएं होने पर आधा लीटर सरसों के तेल में ढाई सौ ग्राम धतूरे के पत्तों का रस निकालकर लगा लें। इससे जुएं की समस्या खत्म हो जाएगीं।
दर्द में राहत
दर्द से रहत पाने के लिए धतूरे के रस को टिल के तेल में मिलकर गर्म कर लें और दर्द वाली जगह पर इस तेल की मालिश करें।
बवासीर के लिए
बवासीर के इलाज के तौर पर भी धतूरे का इस्तेमाल किया जाता है। इसके लिए धतूरे के फूल और पत्तों को जलाकर इसके धुएं से बवासीर के मस्सों की सिकाई करने से भी फायदा होता है
जोड़ों का दर्द
नियमित रूप से धतूरे के रस और तिल के तेल की मालिश करने से जोड़ों की समस्या और गठिया जैसी समस्याओं से न केवल काफी हद तक निजात पाई जा सकती है बल्कि इस रोग को पूरी तरह से मिटाया भी जा सकता है
यौन शक्ति बढ़ाने के लिए
धतूरें के बीज को अकरकरा और लौंग के साथ मिलाकर छोटी-छोटी गुटिका बनाकर सेवन करने से ये यौनशक्ति में इजाफा करता है।
जल्दी गर्भधारण करने के लिए
धतूरे के फलों का चूर्ण 2 .5 ग्राम की मात्रा में बनाकर इसमें आधा चम्मच गाय का घी और शहद मिलकर रोजाना चटाने से स्त्रियों को जल्द गर्भधारण करने में भी मदद मिलती है।
बुखार होने पर
बुखार या कफ होने की स्थिति में लगभग 125 -250 मिलीग्राम धतूरे के बीज लेकर इसे जलाकर राख बना लें और इस राख को मरीज को दें। इससे बुखार या कफ गायब हो जाएगा।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



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