पीरियड्स के दौरान करें ये 9 बेस्‍ट वर्कआउट

हमें पता है कि पीरियड्स के दिनों में आपको थकान, दर्द और मूड में बदलाव महसूस होता है। ऐसे में अगर आप जिम में कुछ दिनों के लिये नहीं भी जाती है तो भी आपको कोई कुछ नहीं बोलेगा।

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लेकिन सोंचने की बात तो यह है कि अगर आप जिम से हर महीने एक-एक हफ्ते की छुट्टियां मारती रहेंगी तो, उसका सीधा असर आपकी फिटनेस पर पड़ना शुरु हो जाएगा।

एक्‍सपर्ट्स का मानना है कि अगर आप पीरियड्स के दिनों में भी एक्‍सरसाइज करेंगी तो ना केवल आप फिट रहेंगी बल्‍कि पेट दर्द और मूड स्‍विंग को भी दूर करने में मदद मिलेगी।

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आइये जानतें है कि पीरियड्स के दिनों में कौन से वर्कआउट्स हैं जिन्‍हें आप आराम से कर सकती हैं और जिन्‍हें करने से आपको पीरियड्स में आराम भी मिलेगा।

कार्डियो

कार्डियो

दौड़ना, चलना, साइकिल चलाने से शरीर में एंडोर्फिन का स्‍तर बढ़ता है जिससे पीरियड्स में होने वाला पेट दर्द और सिदर्द कम होता है। इन एक्‍सरसाइज़ से शरीर का ब्‍लड सर्कुलेशन बढता है, जिससे दर्द कम होता है। पर जिस दिन दर्द अधिक है और व्‍यायाम करने का मन नहीं है तो, इसे ना करें।

HIIT

HIIT

पीरियड्स के दिनों में अगर आप हाई इंटेंसिटी इंटरवल ट्रेनिंग करती हैं तो आपकी चर्बी बाकी के दिनों के मुकाबले ज्‍यादा तेजी से घटेगी।

डांस

डांस

तेज म्‍यूजिक पर डांस करने से मूड भी अच्‍छा रहता है और वजन भी कम होता है। साथ ही इससे आप के घुटने और पेट का दर्द भी कम होगा। एक घंटे जुम्‍बा क्‍लास करने से आप 600 कैलोरीज़ बर्न कर सकती हैं।

स्‍ट्रेंथ ट्रेनिंग

स्‍ट्रेंथ ट्रेनिंग

पीरियड्स के दौरान इस्‍ट्रोजेन हार्मोन का लेवल कम हो जाता है, जिससे अगर आप वेट लिफ्ट कर रही होंगी तो आपको ज्‍यादा ऊर्जा लगाने की जरुरत नहीं पडे़गी। बस एक बात का ख्‍याल रखें कि ज्‍यादा भारी वजन उठाते वक्‍त ज्‍यादा जोश में ना आ जाएं नहीं तो आपके पेट पर असर पडे़गा और क्रैंप तेज हो जाएगा तथा चोट लगने का भी डर रहेगा।

स्‍ट्रेचिंग

स्‍ट्रेचिंग

स्‍ट्रेचिंग, जिसमें आपने घुटनों को अपने सीने तक लगाना होता है, मासपेशियों के दर्द तथा पीठ दर्द को दूर करने के लिये लाभकारी होती है।

तैराकी

तैराकी

तैराकी करने से शरीर में खून का फ्लो तेज हो जाता है, जिससे क्रैंप्‍स कम होते हैं। यह पैरों को आराम देती है तथा लोअर बैक से प्रेशर हटाती है।

गहरी सांस भरें

गहरी सांस भरें

आप चाहें मेडिटेशन कर रही हों या फिर किसी भी अन्‍य तरीके से गहरी सांस भर रही हों, इससे आपको अपने पेट दर्द को कम करने में मदद मिलेगी। गहरी सांस लेने से पूरे शरीर को आराम मिलता है साथ ही यूट्रस की मासपेशियों को आराम मिलेगा और दर्द कम होगा।

योगा

योगा

कई योगा पोज़ में आपको अपनी पीठ को सीधा करने तथा पेल्‍विस के आस पास की मासपेशियों को रिलैक्‍स करने का मौका मिलता है। जिससे पीरियड्स के दौरान दर्द से राहत मिलती है इसलिये आपको रोजाना 35 से 40 मिनट तक योगा करना चाहिये।

Story first published: Wednesday, October 28, 2015, 11:45 [IST]
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