Latest Updates
-
‘बबीता सिंह रिपोर्टिंग’ के बाद निमिषा सजयन ने ऐसे घटाया 14 किलो वजन, एक्ट्रेस ने शेयर की वेट लॉस जर्नी -
Paryushana Mahaparva 2026: आज से शुरू हुआ हुआ पर्युषण महापर्व, जानें आठ दिनों का महत्व और नियम -
पेरिस में बना फ्रांस का पहला पारंपरिक हिंदू मंदिर, 1970 के संकल्प से 2026 तक ऐसे पूरा हुआ सफर -
International Literacy Day 2026: क्यों मनाया जाता है अंतर्राष्ट्रीय साक्षरता दिवस? जानें इतिहास, महत्व और थीम -
International Literacy Day 2026: साक्षरता दिवस पर ये संदेश भेज सबको करें जागरूक, बताएं पढ़ने-लिखने का महत्व -
Aja Ekadashi Vrat Katha: अजा एकादशी पर पढ़ें ये व्रत कथा, मिलेगा अश्वमेध यज्ञ के बराबर पुण्य -
Aja Ekadashi 2026: नारायण की कृपा...इन संदेशों के साथ अपने प्रियजनों को भेजें अजा एकादशी की शुभकामनाएं -
National Nutrition Week: प्रेग्नेंसी में जरूरी है सही न्यूट्रिशन, जानें गर्भावस्था में क्या खाएं-क्या न खाएं -
Aja Ekadashi 2026: कब है अजा एकादशी? जानें तिथि, शुभ मुहूर्त, महत्व, पूजा विधि और पारण समय -
Teacher's Day 2026: 5 सितंबर को ही क्यों मनाया जाता है शिक्षक दिवस? जानिए क्या है इसका इतिहास और महत्व
छोटे बच्चों को जरुर खिलाएं घी और फिर देंखे इसके फायदे
फैट्स (वसा) के सभी प्रकारों में घी सबसे अधिक स्वास्थ्यप्रद होता है। अत: सभी पालकों से कहा जाता है कि घी की थोड़ी मात्रा आपके बच्चे के लिए बहुत आवश्यक और लाभदायक होती है।
यह बात सभी जानते हैं कि जन्म के पश्चात छह महीने तक बच्चे को सिर्फ स्तनपान करवाना चाहिए। जब बच्चे को संपूरक आहार देना प्रारंभ किया जाता है या दूध छुड़ाने का प्रयत्न किया जाता है तो उस आहार में घी की थोड़ी मात्रा भी देनी चाहिए।

बच्चे के लिए घी क्यों महत्वपूर्ण है?
*घी फैट का एक स्वस्थ स्त्रोत है तथा यह बहुत अधिक मात्रा में उर्जा भी देता है जो प्रारंभिक अवस्था के दौरान बच्चे के विकास और वृद्धि के लिए सहायक है। एक साल का होने तक बच्चे का वज़न उसके जन्म के समय के वज़न से तीन गुना अधिक बढ़ जाता है। अत: बच्चे के उचित विकास के लिए उसके आहार में उर्जा प्रदान करने वाले खाद्य पदार्थ जैसे घी आदि शामिल करना बहुत महत्वपूर्ण हो जाता है।

*क्योंकि प्रारंभिक अवस्था में वृद्धि की दर बहुत अधिक होती है अत: बच्चे के शरीर को अधिक कैलोरीज़ की आवश्यकता होती है। 1 ग्राम घी में 9 कैलोरीज़ होती हैं। अत: उसके भोजन में घी डालने से उसके आहार में कैलोरी की मात्रा बढ़ जाती है तथा इससे बच्चा एक्टिव रहता है।
*संपूरक आहार शुरू करने के बाद भी आपके बच्चे का पाचन तंत्र संवेदनशील होता है अत: बच्चों को ऐसा आहार देना चाहिए जो आसानी से पच जाए। इन सभी में घी एक ऐसा सरल फैट युक्त आहार है जो बच्चे के पेट पर दबाव नहीं डालता।

* उम्र का पहला साल बच्चे के मस्तिष्क के विकास के लिए बहुत महत्वपूर्ण होता है। स्वस्थ मस्तिष्क के विकास के लिए आनंदमय वातावरण तथा पोषक तत्वों से युक्त आहार बहुत आवश्यक होता है। मस्तिष्क का 60% भाग फैट से बना होता है।
आपके बच्चे को घी की कितनी मात्रा की आवश्यकता होती है?
- बच्चे को लगने वाली घी की मात्रा उसकी आयु और वज़न पर निर्भर करती है।
- यदि आपके बच्चे का वज़न आवश्यकता से कम है तो उसे कुछ अधिक मात्रा में घी की आवश्यकता होगी परन्तु यदि आपके बच्चे का वज़न आवश्यकता से अधिक है तो उसे कम घी की आवश्यकता होगी।
- संपूरक आहार शुरू करने के बाद प्रतिदिन एक चम्मच घी से शुरुआत करें।
- धीरे धीरे 1 वर्ष की आयु तक प्रतिदिन 3-4 चम्मच तक बढायें।



Click it and Unblock the Notifications
