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भारत में भोजन से जुड़ी ये आदतें स्वास्थ्य के लिये हैं अच्छी
भारतीय भोजन मसालेदार और स्वादिष्ट माना जाता है। हालाँकि कुछ लोगों को तीखे मसाले और हर्ब्स सहन नहीं होते। ऐसा माना जाता है कि विश्व के किसी भी खाने से तुलना की जाए तो भारतीय खाना ही स्वास्थ्य की दृष्टि से सबसे अच्छा होता है।
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भारतीय खाने की एक अलग सुगंध और स्वाद होता है जो प्रत्येक खाने को एक दूसरे से बेहतर बनाता है। दूसरी ओर भारतीय लोगों की खाने की आदतें भी विभिन्न हैं। इन विभिन्न आदतों के कारण ही कुछ लोगों को गंभीर बीमारियाँ नहीं होती।
भारतीय जीवन शैली का पालन करके तथा पौष्टिक मसालों और हर्बल तेल में पका हुआ संतुलित भोजन खाकर आप स्वस्थ और दीर्घायु जीवन जी सकते हैं। तो आज यदि आप अपने जीवन में परिवर्तन करना चाहते हैं तथा स्वस्थ आदतें अपनाना चाहते हैं तो आपको इस लेख को पढ़ना चाहिए।
इस लेख में हम आपको भारतीय लोगों की भोजन से संबंधित आदतों के कुछ राज़ बताएँगे। यहाँ भारतीय भोजन से संबंधित कुछ आदतों के बारे में बताया गया है। ऐसा माना जाता है कि ये आदतें पौष्टिक, लाभकारी हैं तथा जीवन जीने का एक सरल तरीका है। आइए देखे:

मसाले खाएं:
स्वास्थ्य की दृष्टि से मसालों का उपयोग बहुत अच्छा होता है। प्रत्येक मसाले में कुछ न कुछ ऐसा गुण होता है जो विभिन्न बीमारियों को ठीक करने में मदद करता है। यदि आप अपने शरीर में नुकसानदायक बैक्टीरिया को खत्म करना चाहते हैं तो अपने भोजन में हल्दी का उपयोग करें। उसी प्रकार यदि आप वज़न कम करना चाहते हैं तो भोजन में मिर्ची का उपयोग करें।

पत्तियों की उपस्थिति:
मीठी नीम (कढ़ी पत्ता), धनिया आदि पत्तियों में प्रचुर मात्रा में विटामिन्स होते हैं तथा साथ ही साथ यह खाने के स्वाद को भी बढ़ाता है। तो अपनी प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाने के लिए तथा अपने आप को स्वस्थ रखने के लिए कुछ पत्तियां मिलाएं।

मसालेदार खाना खाएं:
भारतीय खाद्य पदार्थों में बहुत अधिक मात्रा में मसाले होते हैं जो खाने को तीखा बनाते हैं। इसके कारण आपकी आँखों से पानी तक आ जाता है। लाल मिर्च तथा हरी मिर्च में विटामिन सी होता है जो आपको स्वस्थ रखता है। तीखा खाना खाने से वज़न भी कम होता है तथा खाने में जो मसाले मिलाएं जाते हैं वे कैंसर की रोकथाम में सहायक होते हैं।

उंगलियाँ चाटना अच्छा होता है:
भारतीय फोर्क और चम्मच के उपयोग को अच्छा नहीं मानते। हाथ से खाना खाने के तीन फायदे हैं। पहला, हाथ से खांना खाने से नुकसानदायक बैक्टीरिया से हमारा बचाव होता है। दूसरा, उंगलियाँ चाटने से जो संतोष मिलता है उससे आप अपने भोजन का अधिक आनंद उठा सकते हैं। तीसरा, हाथ से खाना खाने से पहले आप खाने को हाथ से अच्छी तरह से मसलते हैं जिससे पाचन अच्छे से होता है।

केले के पत्ते:
केले के पत्ते पर भोजन करना भारतीयों की एक विशिष्ट आदत है। इन पत्तों पर माँ जैसी एक परत होती है जिसका अपना अलग स्वाद होता है। इसलिए जब इन पत्तियों पर गर्म भोजन परोसा जाता है तो यह मोम पिघलता है तथा भोजन के साथ मिल जाता है जिससे भोजन का स्वाद बढ़ जाता है।

ज़मीन पर बैठकर भोजन करना:
शास्त्रों के अनुसार ज़मीन पर बैठकर भोजन करना स्वास्थ्य के लिए अच्छा माना जाता है। पैरों को मोड़कर बैठ कर खाना खाने से भोजन का पाचन अच्छी तरह होता है। इससे आपकी पीठ भी सीधी रहती है तथा पीठ दर्द की समस्या भी नहीं होती तथा इससे आपकी ताकत भी बढ़ती है।

ताज़गी प्रदान करने वाले भारतीय पेय:
प्रतिदिन एक कप नारियल पानी पीयें। नारियल पानी सबसे अधिक पौष्टिक पेय है जो कैंसर से लड़ने में मदद करता है, प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाता है तथा प्रतिरोधक क्षमता को बनाये रखता है। इसके अलावा आप बटरमिल्क, जिसे छास कहा जाता है, का उपयोग भी कर सकते हैं जो भोजन के पाचन में सहायक होता है।

सुगंधित चटनियाँ:
भारत में पुदीने की चटनी बहुत प्रसिद्ध है। नारियल की चटनी के तुलना में यह चटनी स्वास्थ्य के लिए अधिक अच्छी होती है क्योंकि इसका उपयोग पाचन में सहायक होता है। यह शरीर के दर्द को दूर करती है तथा सर्दी और खांसी के संक्रमण से लड़ने में भी सहायक होती है।



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