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दाल खाने के क्या हैं फायदे और नुक्सान
प्रोटीन के खजाने को समेटे हुए दालें शाकाहारी भोजन का महत्वपूर्ण भाग होती हैं। स्वादिष्ट होने के साथ-साथ पाचन की दृष्टि से भी बहुत लाभदायक होती हैं।
प्रोटीन के खजाने को समेटे हुए दालें शाकाहारी भोजन का महत्वपूर्ण भाग होती हैं। स्वादिष्ट होने के साथ-साथ पाचन की दृष्टि से भी बहुत लाभदायक होती हैं। प्रोटीन के अलावा इसमें कार्बोहाइड्रेट, कई प्रकार के विटामिन्स, फॉस्फोरस, ट्रिप्टोफैन और खनिज तत्व पाए जाते हैं, जो शरीर को स्वास्थ रखने के साथ-साथ कई प्रकार की बीमारियों को भी दूर रखते हैं।
भोजन में दाल खाने से हृदय स्वस्थ रहता है, मधुमेह नियंत्रण में रहता है साथ ही यह कैंसर से बचती है, पाचन अच्छा करती है, वजन कम करने में सहायक, एनीमिया का इलाज, तंत्रिका तंत्र मजबूत करती है।
इसे खाने से गर्भवती महिलाओं में थोरोसक्लोरोसिस नहीं होता है। दाल इतना पौष्टिक आहार है कि इसे जो खायेगा उसका स्वास्थ्य अच्छा ही होगा। आइये जानते है दाल खाने के फायदे।

1. कोलेस्ट्रॉल को कम करती है
दाल में घुलनशील फाइबर होता है जिससे रक्त में मौजूद कोलेस्ट्रॉल को कम रखने में मदद मिलती है। कोलेस्ट्रॉल के स्तर को कम करके धमनियों को साफ रखने से हृदय रोग और स्ट्रोक के खतरे को कम करने में मदद मिलती है।

2. हार्ट हेल्थ
दाल में फाइबर काफी अच्छी मात्रा में पाया जाता है जिससे हृदय रोग का खतरा कम होता है। साथ ही इसमें फोलेट और मैग्नीशियम होता है जिससे हृदय स्वस्थ रहता है। मैग्नीशियम से पूरे शरीर में रक्त के प्रवाह, ऑक्सीजन और पोषक तत्व अच्छे से पहुंचते हैं।

3. पाचन
दाल में अघुलनशील फाइबर होता है जिससे कब्ज, और अन्य बीमारियां जैसे ख़राब पेट या डिवर्टिकुलोसिस जैसी बीमारियां नहीं होती हैं।

4. ब्लड शुगर लेवल
मधुमेह, इंसुलिन प्रतिरोध या हाइपोग्लाइसीमिया जैसी बिमारियों को रोकने में दाल बहुत उपयोगी मानी जाती हैं, क्योंकि इसमें घुलनशील फाइबर पाया जाता है जिससे कार्बोहाइड्रेट कम होता है और पाचन क्रिया को धीमा करती है जिससे ब्लड शुगर लेवल का स्तर ठीक रहता है।

5. प्रोटीन
फलियों और बादाम आदि से ज्यादा प्रोटीन दाल में पाया जाता है। 26% कैलोरी प्रोटीन से बनती हैं। यही कारण है कि यह शाकाहारियों के लिए प्रोटीन का सबसे बड़ा स्रोत है।

6. ऊर्जा
भोजन में दाल खाने से शरीर को ऊर्जा मिलती है क्योंकि इसमें फाइबर और कार्बोहाइड्रेट पाया जाता है। और इसमें आयरन भी होता है जिससे पूरे शरीर में ऑक्सीजन का प्रवाह बना रहता है। जोकि शरीर में ऊर्जा का मुख्य कारण है।

7. वजन घटाए
दाल में कैलेंरी की मात्रा बहुत कम होती है और फैट ना के बराबर होता है। एक कप दाल में लगभग 230 कैलोरी होती है जिससे आपका पेट पूरी तरह भर जाता है।

8. कैंसर
दाल में कैंसर को रोकने की क्षमता होती है। दाल में साइटोटॉक्सिसिटी और एपोपोसिस पाया जाता है जिससे कैंसर की कोशिकाओं का विकास रूक जाता है।

9. दिमाग
एक कप दाल में 90% फोलेट पाया जाता है जो न्यूरोट्रांसमीटर का उत्पादन में मदद करते हैं जिससे तंत्रिका तंत्र ठीक से कार्य करता है।

10. इलेक्ट्रोलाइटिक गतिविधि में सुधार
दाल में पोटेशियम होता है जो इलेक्ट्रोलाइटिक गतिविधि के लिए अच्छा विकल्प माना जाता है। पोटेशियम इलेक्ट्रोलाइट की तरह काम करता है जिससे मस्तिष्क, हृदय और गुर्दे ठीक से काम करते हैं।

11. मांसपेशीयं
मांसपेशियों के विकास में प्रोटीन की जरूरत पड़ती है। यही नहीं दाल में अमीनो एसिड भी पाया जाता है जिससे मांसपेशियों के निर्माण और शरीर ठीक से काम करता है।

12. महिलाओं के स्वास्थ्य के लिए अच्छी
महिलाओं के स्वस्थ के लिए भोजन में दाल बहुत महत्वपूर्ण हैं। खास कर गर्भवती और स्तनपान कराने वाली महिलाओं के लिए क्योंकि 200 ग्राम दाल में 36% आयरन होता है। जो की महिलाओं को मासिक धर्म के स्वास्थ को बनाये रखने में मदद करता है।

दाल खाने से होने वाले नुक्सान
ए) गुर्दे में पथरी
कुछ मामलों में ज्यादा दाल खाने से गुर्दे की पथरी होने का डर रहता है। सोयाबीन, रिफाइड सेम और सोया जैसी कुछ दालों को खाने से गुर्दे की पथरी होने लगती है।

ख) गुर्दे की बीमारी
ज्यादा मात्रा में प्रोटीन खाने से गुर्दे पर ज़ोर पड़ता है जिससे शरीर के विषाक्त पदार्थ बाहर नहीं निकल पाते हैं।

सी) फर्मेन्टेशन या गैस बनना
दाल खाने से पेट में गैस बनती हैं। जिससे आपको पेट से सम्बंधित परेशानी हो सकती है। इसीलिए दाल को धीरे-धीरे चबा कर खाना चाहिए और भोजन में ज्यादा दाल नहीं खानी चाहिए।



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