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जानिये नीम की दातुन से दांतों की सफाई करना क्यों है फायदेमंद
नीम की पत्तियां, बीज, छाल, फूल, फल सब कुछ किसी न किसी रूप में फायदेमंद है। गाँव के लोगों का मानना है कि नीम की दातुन करने से उन्हें दांतों से जुड़ी कोई भी समस्या नहीं होती है।
आज भी अपने देश के ग्रामीण इलाकों में लोग टूथब्रश की बजाय नीम की दातुन करना ज्यादा पसंद करते हैं। लोगों का मानना है कि ओरल हाइजीन के लिए यह सर्वोतम उपाय है। यही कारण है कि आज के अधिकांश टूथपेस्ट बनाने वाली कंपनी यह दावा करती हैं कि उनके टूथपेस्ट में भी नीम का इस्तेमाल किया गया है।
नीम के बारे में ये कहा जाता है कि बाकि सभी पेड़ पौधों की तुलना में इसमें सबसे ज्यादा औषधीय गुण होते हैं। नीम की पत्तियां, बीज, छाल, फूल, फल सब कुछ किसी न किसी रूप में फायदेमंद है। गाँव के लोगों का मानना है कि नीम की दातुन करने से उन्हें दांतों से जुड़ी कोई भी समस्या नहीं होती है। नीम में एंटी बैक्टीरियल, एंटी वायरल और एंटीसेप्टिक गुण पाए जाते हैं।
आइये जानते हैं की नीम की दातून किस तरह दांतों के लिए फायदेमंद है।

यह कैसे काम करती है:
नीम की डंठल से दांतों को साफ़ करने से पहले उसके एक सिरे को चबाना चाहिए। इससे एक सिरा बिल्कुल ब्रश की तरह हो जाता है। इससे आप दांतों के हर कोनो की अच्छे से सफाई कर सकते हैं।

एंटी माइक्रोबियल गुण :
नीम में एंटी माइक्रोबियल गुण होते हैं। इसलिए जब आप इसे चबाते हैं तो दांतों में प्लैक बनने से रोकते हैं। नीम का कड़वा स्वाद सांसों की बदबू दूर करने में भी मदद करता है।

दांतों की सफेदी में मददगार :
नीम की स्टिक से रोजाना दांत साफ़ करने से आपके दांतों की सफेदी बढ़ जाती है। जब आप दांतों की सफेदी चमकाने के लिए केमिकल युक्त टूथपेस्ट का इस्तेमाल करते हैं तो इससे दांतों को बहुत नुकसान पहुंचता है। इसलिए उनकी बजाय आप नीम का इस्तेमाल करें।

कैसे करें इस्तेमाल :
इसके लिए सबसे पहले पेड़ से लगभग 15 सेमी लम्बाई की एक डंठल तोड़ें। इसे धो लें और फिर इसकी उपरी परत को दांतों से छील दें। अब इसके एक सिरे को चबाकर ब्रश जैसा बना लें और फिर उससे दांतों और जीभ की सफाई करें।

चबाना क्यों ज़रूरी है:
जब आप नीम को चबाते हैं तो इसमें से जो कड़वा रस निकलता है वो आपके लार के साथ मिल जाता है और उसके बाद मुंह और जीभ पर मौजूद बैक्टीरिया को खत्म करने में मदद करता है। इसे रोजाना करने से इन्फ्लेमेशन में भी कमी आती है।

सावधानियां:
नीम की डंठल से ब्रश करते समय इस बात का ध्यान रखें कि वो ज्यादा कठोर ना हो वरना आपके मसूड़े छिल सकते हैं। ब्रश कर लेने के बाद दांतों में फंसे हुए नीम के रेशों को थूक दें। इसके बाद पानी से कुल्ला करें।

जीभ की सफाई :
आप उसी नीम की दातुन से अपने जीभ की सफाई भी कर सकते हैं। इसके लिए उसे बीच से तोड़ें और उसे टंग क्लीनर जैसा शेप दे दें और फिर उससे धीरे धीरे जीभ की सफाई करें।



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