Latest Updates
-
कौन हैं WhatsApp के नए CEO कुणाल शाह? न इंजीनियरिंग, न MBA डिग्री, फिर भी करोड़ों में है नेट वर्थ -
Mahesh Navami 2026: महेश नवमी आज, जानें शुभ मुहूर्त, महत्व और पूजा विधि -
Bada Mangal 2026: ज्येष्ठ माह का आखिरी बड़ा मंगल आज, इन उपायों को करने से मिलेगी हनुमान जी की विशेष कृपा -
Happy Mahesh Navami 2026 Wishes: महेश जिनका नाम है...महेश नवमी पर प्रियजनों को भेजें ये खास शुभकामना संदेश -
Aaj Ka Rashifal 23 June 2026: मंगलवार को इन 4 राशियों पर बरसेगी बजरंगबली की कृपा, जानें अपना भाग्य -
शाम 7 बजे के बाद गलती से भी मत करना ये 5 काम, बढ़ता है हार्ट अटैक का रिस्क -
बिना मारे चूहों को घर से भगाने का देसी तरीका! आटे में मिलाकर रख दें ये एक चीज, फिर कभी नहीं आएंगे नजर -
Pahadi Crispy Snack Singal Recipe: घर पर बनाएं उत्तराखंड का पारंपरिक और कुरकुरा स्वाद -
कौन हैं पंकज त्रिपाठी के भाई बिजेंद्र नाथ तिवारी? आखिर क्यों हुआ जानलेवा हमला, गंभीर हालत में AIIMS में भर्ती -
Swapna Shastra: सपने में किन्नर को देखना होता है शुभ और अशुभ संकेत? जानिए इसका मतलब
साइनस से आराम पाना है तो सेब के सिरके का ऐसे करें इस्तेमाल
अगर देखा जाए तो आजकल साइनस के मरीजों की संख्या दिन प्रतिदिन बढती ही जा रही है और इसका कारण है सर्दियों में होने वाला स्मोग और प्रदूषण।
हमारे खोपड़ी में कई सारे छिद्र होते हैं जिन्हें साइनस कहते हैं, जो सिर को हल्का रखने के साथ ही सांस लेने में मदद करते हैं।
अगर इन छिद्रों में बलगम यानी म्यूकस भर जाता है तो हमें सांस लेने में दिक्कत होने लगती है और इसी को साइनोसाइटिस कहते हैं। आम बोलचाल की भाषा में इसे साइनस भी कहते हैं।

यह समस्या उन लोगों में ज्यादा होती है जिनकी नाक की हड्डी बढ़ जाती है या फिर जो लोग एलर्जिक होते हैं। इन लोगों में यह समस्या कई दिनों तक बनी रहती है। अगर आपको साइनस की समस्या है तो आप अपने घर में ही सेब के सिरके की मदद से इसका उपचार कर सकते हैं।
सेब के सिरके में एंटी-फंगल और एंटी-बैक्टीरियल गुण होने के साथ इसमें कैल्शियम, विटामिन A, E, B1 और B2 होते हैं जोकि साइनस कें इलाज में सहायक होते हैं। ये उन छिद्रों में मौजूद म्यूकस को बाहर निकालकर सांस लेने में आसानी पैदा करते हैं।

लेकिन यह और भी अच्छा होता है जब आप सेब के सिरके में पानी और दूसरी अन्य चीजें भी मिला देते हैं। आइये हम आपको बताते हैं कि आप सेब के सिरके में और क्या मिला सकते हैं।
सेब का सिरका और पानी: इसको बनाने के लिए आप दो चम्मच सेब का सिरका और 8 औंस पानी मिला सकते हैं। इसे आप ¾ कप सेब का सिरका और 16 औंस पानी मिलाकर बढ़ा भी सकते हैं। इस मिश्रण का सेवन करने से आपको साइनस में आराम मिलेगा।
सेब का सिरका और गर्म पानी: दो चम्मच सेब का सिरका और एक कप गर्म पानी मिलाकर आप इस मिश्रण को तैयार कर सकते हैं। रोजाना इसका सेवन करने से यह आपके छिद्रों में मौजूद म्यूकस को आसानी से बाहर निकाल देगा और आपको आराम मिलेगा।

सेब का सिरका और शहद: इसके लिए आप दो चम्मच सेब का सिरका, 8 औंस गर्म पानी और एक चम्मच शहद का एक मिश्रण बनाइये। चूंकि शाहद में एंटी-इन्फ्लामेट्री गुण होता है जिसकी वजह से यह आपके गले में होने वाली खिचखिच को दूर करता है। इस मिश्रण का आप सेवन कर सकते हैं जिससे आपको साइनस में लाभ मिल सके।
सेब के सिरके का भाप: इसके लिए आप आधा कप सेब का सिरका और आधा कप पानी को लेकर कुछ मिनट तक इसे गर्म करें और अपने सिर को तौलिये से ढककर उसका भाप लें। ऐसा आप दिन में कई बार करें इससे आपको साइनस में बहुत ज्यादा आराम मिलेगा और सांस लेने में आसानी होगी।
सेब का सिरका और डीकंजेस्टंट: इसके लिए आप ¼ चम्मच नींबू के रस को ¼ कप सेब के सिरके में मिलाकर कुछ देर तक गर्म करें इसके बाद इसमें ½ चम्मच अदरक का पाउडर और 3 चम्मच शहद डाल दें। इसके बाद इसे एक गिलास में रखकर एक या दो चम्मच का सेवन करें, इससे आपके छिद्रों में मौजूद म्यूकस ढीला होकर बाहर निकलेगा और आप आराम से सांस ले पायेंगे।
अगर आप साइनस से परेशान हैं तो घबराइये नहीं ऊपर बताये गये तरीकों को अमल में लाये जिससे आपको साइनस में आराम मिलेगा।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



Click it and Unblock the Notifications