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रोपण के कुछ समय बाद ही इन पेड़ों पर लग जाते हैं फल, आसानी से घर पर उगाएं
पेड़ों से वातावरण ताजा रहता है और यह पर्यावरण को संतुलित रखने में मदद करते हैं। इसके अलावा इन पर लगे फल हमें सेहतमंद रखते हैं। रोजाना ताजे फलों का सेवन करने से हम कई गंभीर बीमारियों से दूर रह सकते हैं। अगर आपको बागवानी का शौक है और आप कुछ नए पेड़ लगाने की सोच रहे हैं तो हम आपको कुछ ऐसे फलदार पेड़ों के बारे में बताएंगे जो बहुत ही तेजी से बढ़ते हैं और कुछ समय में ही फल देने लगते हैं। तो चलिए जानते हैं।

शहतूत
शहतूत का पेड़ बहुत ही तेजी से बढ़ता है। एक बार तैयार होने पर आप इसके फलों का आनंद लंबे समय तक उठा सकते हैं। इसके स्वाद की हम बात करें तो यह बेहद मीठा होता है। इसका रंग लाल और गहरा बैंगनी होता है। इसे खाने के कई फायदे होते हैं क्योंकि इसमें पोटैशियम, विटामिन ए आदि पाया जाता है। सर्दी जुकाम हो या यूरिन से संबंधित कोई समस्या शहतूत से इन परेशानियों से छुटकारा पाया जा सकता है। इसके अलावा पेट के लिए भी यह लाभकारी होता है।

पपीता
पपीता एक ऐसा फल है जिसे सिर्फ पकने पर ही नहीं खाया जाता बल्कि कच्चे पपीते के कई स्वादिष्ट पकवान बनाए जाते हैं जैसे पपीते की सब्जी या पपीते का पराठा। पपीते के पेड़ की ऊंचाई 20 से 25 फीट तक की ही होती है। रोपण के बाद इस पेड़ पर बहुत जल्दी आपको फल दिखने लगेंगे। पपीते को पेड़ से तोड़ने के लिए उसके पूरे पीले होने का इंतेजार न करें। अगर आपका कोलेस्ट्रॉल बढ़ा है, साथ ही आप अपने वजन को भी कंट्रोल करना चाहते हैं तो आपको पपीते का सेवन करना चाहिए। यह इम्यूनिटी को भी मजबूत करता है।

अमरूद
ग्राफ्टिंग या कटिंग से उगाया गया अमरूद का पेड़ बीजों से उगाए गए अमरूद के पेड़ से जल्दी बढ़ता है। इसका फल काफी ताजा और मीठा होता है। साथ ही इसकी खुशबू भी काफी अच्छी होती है। इसे कच्चा भी खा सकते हैं। अमरूद की जड़े कम फैलती है, इसलिए आप इसे आसानी से लगा सकते हैं।

केला
हिंदू धर्म में केले के वृक्ष की पूजा करना बहुत ही शुभ माना जाता है। कहते हैं इससे विष्णु जी और लक्ष्मी जी प्रसन्न होते हैं और उनका आशीर्वाद मिलता है। पपीते की तरह केले का पेड़ भी बड़ा होता है, लेकिन इसके पौधे को आप आसानी से गमले में भी लगा सकते हैं। जब पेड़ बढ़ने लगे तो आप उसे निकालकर जमीन में लगा सकते हैं। दूसरे पौधों की तुलना में केले के पौधे को ज्यादा देखभाल की जरूरत होती है। आप एक साथ 3 से 4 पौधे लगा सकते हैं। गमले को ऐसी जगह रखें जहां सीधी धूप न आती हो। तेज धूप से पौधा जल भी सकता है। केले का पौधा लगाने के लिए आप उपजाऊ मिट्टी का इस्तेमाल करें।

सीताफल
बाहर से सख्त और अंदर से नरम सीताफल में भारी मात्रा में आयरन और विटामिन सी होता है। यह काफी स्वादिष्ट फल है जो कई तरह के रोगों से भी छुटकारा दिलाता है। केवल फल ही नहीं इसकी पत्तियां भी बहुत ही लाभकारी होती हैं। गर्म और शुष्क जलवायु में सीताफल का पौधा तेजी से उगता है। ज्यादा ठंडी जगह पर यह ठीक से उग नहीं पाते। कमजोर और पथरीली जमीन पर भी यह आसानी से उगाए जा सकते हैं। इसका पौधा लगाने के लिए जुलाई का समय सबसे सही होता है।



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