अपने बच्‍चे के साथ अटूट रिश्‍ता बनाने के 5 आसान तरीके

हम सभी इस बात से पूरी तरह सहमत हैं कि पहली बार माता-पिता बनना आसान बात नहीं होता है। छोटे-से शिशु को संभालना कोई मजाक की बात नहीं है। कई तरह की सावधानियां बरतनी पड़ती हैं। अगर आप भी पहली बार पैरेंट्स बने हैं तो जान लीजिए कि आप अपने बच्‍चे के करीब जाने के लिए क्‍या कर सकते हैं।

अटूट रिश्‍ता

अटूट रिश्‍ता

आपको शायद मालूम नहीं होगा कि आपके पास रहने से शिशु शांत और सुरक्षित महसूस करता है। जन्‍म से ही मां-बाप का शिशु के साथ रिश्‍ता बन जाता है लेकिन फिर भी ऐसी और भी कई चीजे हैं जो आपके रिश्‍ते को अटूट बना सकती हैं।

त्‍वचा से संपर्क

त्‍वचा से संपर्क

शिशु को गोद में उठाना और सीने से लगाना एक अलग ही एहसास देता है। इससे शिशु की दिल की धड़कन और सांस भी नियंत्रित रहती है। ये ना सिर्फ शिशु के लिए फायदेमंद है बल्कि इससे माता-पिता भी शांत महसूस करते हैं।

गोद में सुलाना

गोद में सुलाना

जब कभी शिशु आपकी गोद में ही सो जाए तो उसे बिस्‍तर पर ना लिटाएं। इस लम्‍हे की खुशी का एहसास करें और इसकी महत्ता समझें।

बच्‍चे से बात करें

बच्‍चे से बात करें

अगर आपके पार्टनर आपको ज्‍यादा समय नहीं दे पाते हैं तो आपको अपने बच्‍चे से ज्‍यादा से ज्‍यादा बात करनी चाहिए। हो सकता है कि आपके बच्‍चे को आपकी सारी बातें समझ ना आएं लेकिन फिर भी उसे आपकी बातें सुनने में खुशी महसूस होती है।

रोने का मतलब समझें

रोने का मतलब समझें

जब तक बच्‍चा बोलने नहीं लगता तब तक वो रोकर अपनी बात आप तक पहुंचाता है। शिशु के हर बार रोने का एक अलग मतलब होता है। हो सकता है कि वो थकान या भूख की वजह से रो रहा हो।

गाना गाएं

गाना गाएं

शिशु के लिए मां की आवाज सुनने से ज्‍यादा अच्‍छा और कुछ नहीं होता है। आप अपने बच्‍चे को खुश करने के लिए कोई गाना गुनगुना सकती हैं।

Story first published: Friday, August 16, 2019, 10:32 [IST]
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