Latest Updates
-
Bank Holidays March 2026: अगले 4 दिन बंद रहेंगे बैंक, राम नवमी पर कहां-कहां रहेगी छुट्टी? देखें पूरी लिस्ट -
कौन हैं अनन्या बिड़ला? RCB के बिकने के बाद सोशल मीडिया पर छाईं, जानिए उनकी नेट वर्थ -
गैस, ब्लोटिंग और एसिडिटी की समस्या से रहते हैं परेशान तो करें ये 5 योगासन, पाचन तंत्र होगा मजबूत -
Chaitra Navratri 2026 Havan: अष्टमी या नवमी पर हवन कैसे करें? जानें हवन विधि, मंत्र, मुहूर्त और सामग्री -
काली कोहनी को गोरा करने के 2 आसान घरेलू उपाय, एक ही बार में दूर हो जाएगा जिद्दी कालापन -
Sugar Patient को भूलकर भी नहीं खाने चाहिए ये 5 फल, तेजी से बढ़ सकता है ब्लड शुगर लेवल -
A अक्षर से जुड़वा बच्चों के लिए 100+ मॉडर्न और अर्थपूर्ण नाम, देखें 1 जैसे ताल वाले नामों की लिस्ट -
Lockdown In India: क्यों गूगल पर ट्रेंड कर रहा 'लॉकडाउन'? बंद हुआ सब तो इन चीजों की सप्लाई पर होगा असर -
Harish Rana Funeral Video: गायत्री जाप और 2 मिनट का मौन...13 साल बाद पंचतत्व में विलीन हुए हरीश राणा -
Gond Katira Ke Fayde: गर्मियों में गोंद कतीरा खाने से सेहत को मिलेंगे ये 5 फायदे, जानें सेवन का सही तरीका
अपने पालतू कुत्ते के ग्रूमिंग प्रॉडक्ट्स में इन चीजों को न करें शामिल
आपकी तरह आपके पेट्स को भी ग्रूमिंग की जरूरत होती है। जिस तरह कुछ ग्रूमिंग प्रॉडक्ट्स आपकी स्किन या हेल्थ को खराब कर सकते हैं वैसे ही डॉग के लिए भी कुछ ग्रूमिंग प्रॉडक्ट्स हानिकारक साबित हो सकते हैं। इस लेख के जरिए हम आपको बताने जा रहे हैं कि डॉग के लिए कौन-से ग्रूमिंग प्रॉउक्ट्स सही नहीं रहते हैं।

पैराबींस
कॉसमेटिक, पर्सनल हाईजीन और यहां तक कि खाद्य उत्पादों में इस्तेमाल होने वाला पैराबीन एक प्रिजर्वेटिव हैं। ये रसायन किसी उत्पाद को खराब करने वाले बैक्टीरिया, यीस्ट और फफूंदी जैसे सूक्ष्म-जीवों के विकास को रोकने में बहुत असरकारी हैं। कई अध्ययनों में भी पैराबींस के स्वास्थ्य पर पड़ने वाले हानिकारक प्रभावों की बात सामने आ चुकी है। एक नई स्टडी के अनुसार पैराबींस के कारण कैंसर हो सकता है और ये पुरुष प्रजनन कार्यों में बाधा भी पैदा कर सकते हैं। अपने डॉग के लिए कोई भी प्रॉडक्ट खरीदते समय इस बात का ध्यान रखें कि उसमें पैराबींस नहीं होने चाहिए।

सल्फेट
क्लींजिंग एजेंट्स या बाथ प्रॉडक्ट्स के झाग अच्छे लगते हैं। अगर आप भी अपने डॉग के लिए झाग वाला शैंपू चुनते हैं तो जरा एक बार और सोच लीजिए। इस तरह के क्लींजिंग उत्पादों में उच्च मात्रा में सल्फेट होता है। ये रसायन शैंपू, फेसवॉश या जमीन साफ करने वाले क्लींजर में झाग बनाने के लिए डाला जाता है। इस बात का कोई सबूत नहीं है कि साबुन, शैंपू या हैंडवॉश से जितने ज्यादा झाग बनेंगे, वो उतना ही ज्यादा अच्छा होगा। वहीं दूसरी ओर, सल्फेट की वजह से त्वचा में रूखापन या एलर्जी हो सकती है। डॉग की स्किन भी बहुत संवेदनशील होती है इसलिए बेहतर होगा कि आप सल्फेट युक्त शैंपू का इस्तेमाल ना करें।

आर्टिफिशियल खुशबू
नहाने के लिए इस्तेमाल होने वाले साबुन और शैंपू में खुशबू आना बहुत जरूरी है। आर्टिफिशियल खुशबू कई सिंथेटिक केमिलकल्स से बनती है। इनमें से कुछ केमिकल्स से कैंसर, डायबिटीज और मोटापे जैसी बीमारियां भी हो सकती हैं। इसका असर डॉग पर भी पड़ता है। खुशबू के लिए आप अपने पेट्स पर ऐसे प्रॉडक्ट्स का इस्तेमाल कर सकती हैं जिनमें नैचुरल ऑयल्स का इस्तेमाल किया गया हो।

आर्टिफिशियल रंग
आर्टिफिशियल रंगों में भी अधिक मात्रा में सिंथेटिक केमिकल्स का इस्तेमाल किया जाता है। कई आर्टिफिशियल रंगों में तार और लेड होता है जिन्हें कार्सिनोजेनिक (कैंसर पैदा करने वाले) माना जाता है।
कई अध्ययनों में डॉग में आर्टिफिशियल रंगों और त्वचा से जुड़ी समस्याओं की बात सामने आ चुकी है। अगर आप अपने पेट्स को स्वस्थ देखना चाहते हैं तो उन पर आर्टिफिशियल रंगों का इस्तेमाल ना करें।



Click it and Unblock the Notifications











