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इन तरीकों से गर्भ में ही जानें बच्चे की सही पोजिशन
प्रेगनेंसी के दौरान आपका बच्चा, घुमता है, किक मारता है और अपनी पोजिशन बदलता रहता है। आप चाहे सोए या फिर जगते हुए कोई भी काम करें, बच्चा गर्भ में आराम से घुमते हुए हर कौना छान मारता है।
गर्भ में बच्चे कि सही पोजिशन का पता लगाना अपने आप में एक कला है। एक अच्छी डॉक्टर और दाई मां ही आपकी बैली पर हाथ लगाकर बच्चे कि सही पोजिशन बता सकती है। लेकिन ऐसा नहीं है कि आप यह नहीं कर सकती है अगर आप चाहे तो आप खुद भी अपने बच्चे कि पोजिशन का पता लगा सकती है।

इसके लिए सिर्फ इस बात की जानकारी होनी चाहिए कि बैली पर किस सही जगह हल्के हाथों से प्रेस करना चाहिए। आराम करते हुए आप सावधानी से बच्चे कि किक के मुताबिक बैली का वह हिस्सा जांचे, जहां बच्चा ज्यादा किक मारता है।

इन तरीकों से गर्भ में ही जानें बच्चे की सही पोजिशन
1. अगर आपके बच्चे का सिर नीचे कि ओर और पीठ बैली के फ्रंट में तो आपको पसलियों कि ओर किक का एहसास होगा। साथ ही आपकी बैली और नाभी उभरी हुई सी दिखाई देगी। इस पोजिशन को एंटीरियर पोजिशन कहते है। साथ ही इससे यह इशारा भी मिलता है कि यह बच्चे के जन्म के लिए सर्वोत्तम पोजिशन है।
2. अगर आपको बैली के सामने वाले हिस्से में, बच्चे के किक महसूस हो और बैली समतल लगे, तो इसका मतलब है कि अभी बच्चे का फ्रंट वाला हिस्सा है। यह पोजटीरियर पोजिशन कहलाती है।

3. बैली के उपरी हिस्से को हल्का सा धक्का दें। अगर बच्चे के हिप्स होगें तो आपको, मुलायम और अनइवन शेप्स का एहसास होगा। साथ ही आपको लगेगा कि ऐसी पोजिशन में हल्का प्रेशर देने पर भी बच्चा हिलेगा नहीं।
4. किसी पोजिशन में आपको कुछ गोलाकार और हार्ड लम्प महसूस हो, जो कि हिल रहा है तो हो सकता है कि यह आपके बेबी का सिर हो। ऐसी पोजिशन में बच्चे का सिर पसलियों में और पैर नीचे कि ओर होते है।

5. बच्चे का हिचकियां लेना और उसका किक करने के तरीके से भी आप उसकी पोजिशन का पता लगा सकते है। अगर बैली के उपरी हिस्से में हिचकियां महसूस हो तो, इसे हेड अप पोजिशन कहते है। साथ ही अगर बैली के नीचले हिस्से में किक एक एहसास हो तो, इसका मतलब है कि बच्चे के पैर उपर है और सिर नीचें। साथ ही यह इशारा है कि बच्चा अभी-अभी ब्रीच पोजिशन से निकला है।
6. अगर प्रेगनेंसी के आखिरी दिनों, बैली के उपरी हिस्से और पसलियों के पास आपको हल्का दर्द सा लगे तो, यह इशारा है कि बच्चे का सिर पसलियों के करीब है। इस पोजिशन को ब्रीच पोजिशन कहते है।
7. आराम से और हल्के हाथों से बैली को दोनों साइड्स से हाथों से दबाएं। इस दौरान अगर आपको लम्बा या फिर किसी सॉफ्ट चीज का एहसास होता है तो समझिए कि यह आपके बच्चे का बैक यानी कि पीठ वाला हिस्सा है। अगर आपको बैली की दूसरी ओर लम्स महससू हो तो, मुमकिन है कि आप बच्चे के हाथ या पैर को छू रहें है।



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