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ब्रेस्टफीडिंग कराने से बढ़ जाते हैं स्तन, जाने इससे जुड़ी सच्चाई के बारे में
कई महिलाएं डिलीवरी के बाद ये सोचकर बच्चें को ब्रेस्टफीड कराने से कतराती हैं कि कहीं उनके स्तन ढ़ीले पड़कर लटकने न लग जाए। कई बार ऐसा होता है कि लोग नयी मांओं को यह सलाह भी देते हैं कि ब्रेस्टफीडिंग से उनकी सेक्स लाइफ भी प्रभावित होगी और इसीलिए उन्हें स्तनपान कराने से बचना चाहिए। लेकिन सच यह है कि भले ही एक महिला स्तनपान कराए या नहीं, उसका स्तनों का आकार जरुर बदलता हैं इससे स्तनपान का कोई संबंध नहीं हैं।
प्रेगनेंसी के तीसरे महीनें के बाद से ही महिलाओं के स्तनों में फर्क नजर आने लगता हैं। ब्रेस्टफीडिंग या स्तनपान कराने से महिलाओं का स्तनों का आकार बैडोल या खराब हो जाता हैं ये एक तरह की गलतफहमी हैं।

प्रेग्नेंसी से ब्रेस्ट पर क्या असर होता है?
प्रेग्नेंसी के 3 महीने अंदर ब्रेस्ट के आकार में बदलाव आने लगता है। इसकी वजह होती हैं स्तनग्रंथियां, जिनके अंदर खून भरने लगता है और वह फैलने लगती हैं।इसलिए ब्रेस्ट का साइज बढ़ना शुरू हो जाता है। इसके अलावा निप्पल का रंग गहरा होने लगता है और निप्पल के आसपास की स्किन गुलाबी रंग की होने लगती है।

स्तनपान से बढ़ती हैं ब्रेस्ट की साइज?
प्रेग्नेंसी की वजह से ब्रेस्ट का आकार बढ़ने लगता है न कि स्तनपान कराने से। प्रेग्नेंसी के दौरान महिलाओं के ब्रेस्ट का साइज दो सेंटीमीटर तक बढ़ चुका होता है। यानी अगर महिला का ब्रेस्ट साइज 36 है, तो वो 38 हो जाएगा। कई महिलाओं का ब्रेस्ट साइज इससे ज्यादा भी बढ़ सकता हैं।

क्या फीडिंग से ब्रेस्ट लटक जाते हैं?
कई महिलाओं को ये डर सताने लगता हैं कि ब्रेस्टफीड कराने सेस्तन लटकने लगते हैं लेकिन आपको मालूम होना चाहिए कि ब्रेस्टफीडिंग और स्तन लटकने का कोई संबंध नहीं होता हैं। ब्रेस्ट सैगिंग की समस्या से बचने के लिए एक्सरसाइज करनी चाहिए और सही साइज की सपोर्टिव ब्रा पहननी चाहिए। स्तनपान नहीं कराने से ब्रेस्ट का शेप खराब होने के साथ गांठे बनने से ब्रेस्ट में दर्द होने लगता है।

कैसे घटाएं ब्रेस्ट का साइज ?
स्तनपान नहीं कराना किसी तरह का हल नहीं हैं, डिलीवरी के 6 से 8 महीने के बाद स्तन का आकार घटने लगता है लेकिन इन्हें पुराने आकार में नहीं लाया जा सकता है। प्रेग्नेंसी के बाद बढ़े स्तनों का आकार घटाना हालांकि थोड़ा मुश्किल होता हैं। लेकिन एक्सरसाइज करके खुद को फिट रखा जा सकता है।

ऐसे रखें डिलीवरी के बाद ब्रेस्ट का ख्याल
ब्रेस्ट को सुडौल बनाएं रखने के लिए हेल्दी लाइफस्टाइल की आदतें अपनाएं, पौष्टिक भोजन खाएं, हेल्दी वेट मेंटेन करें और योगासन करें। इसके अलावा, अपने ब्रेस्ट्स को गोल-गोल करते हुए मॉइश्चराइज़ से मालिश करें। इससे आपकी त्वचा को कोमल रखने में मदद होगी और उसकी लचक बनी रहेगी।



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